गणतंत्र दिवस पर इन खास कैमरों की रहेगी नजर, आतंकियों को पलक झपकते ही पकड़ने का रखते हैं दम

26 जनवरी यानि गणतंत्र दिवस की तैयारी जोरों से चल रही हैं। वहीं दूसरी तरफ सुरक्षा के मद्देनजर इस बार आतंक से निपटने के लिए पुलिस ने तकनीक का सहारा लिया है।

Written by: January 21, 2019 5:00 pm

नई दिल्ली। 26 जनवरी यानि गणतंत्र दिवस की तैयारी जोरों से चल रही हैं। वहीं दूसरी तरफ सुरक्षा के मद्देनजर इस बार आतंक से निपटने के लिए पुलिस ने तकनीक का सहारा लिया है। अपनी फोर्स में 30 आखों को जोड़ा है जो हज़ारो की भीड़ में छुपे आतंकी और बदमाशों को पकड़ने की ताकत रखती है। ये 30 आंखें एक खास तरह के कैमरे हैं, जिनके अंदर इस सॉफ्टवेयर की मदद से आतंकियों और बदमाशों की तस्वीरों का डेटा फीड किया गया है।

आपको बता दें, इन 30 कैमरों को गणतंत्र दिवस परेड को देखने आने वाले 30 गेट पर लगाया गया है। इनकी जद में परेड देखने आने वाला हर शख्स होगा, जो भी वहां से निकलेगा अगर उसका चेहरा डेटा में डाली गई फ़ोटो से 70 प्रतिशत से ज्यादा मिल जाएगा पास में बने कंट्रोल रूम में अलार्म बज जाएगा और सुरक्षा कर्मी तुरंत उस शख्स को पकड़ लेंगे। कंट्रोलरूम को मॉनिटर कोई आम पुलिस वाला नहीं बल्कि स्पेशल सेल, क्राइम ब्रांच और इंटेलिजेंस ब्यूरो के लोग करेंगे।

 

वहीं नई दिल्ली डिस्ट्रिक्ट के डीसीपी मधुर वर्मा के मुताबिक दिल्ली पुलिस पहली बार फेसिअल रेकॉग्निशन कैमरों के इस्तेमाल कर रही है कुल 30 कैमरे लगाए जाएंगे। इनके अंदर एक सॉफ्टवेयर फीड किया जाएगा जिसके अंदर आतंकियों, हार्डकोर क्रिमिनल की फोटो होगी जो हर आने वाले शख्स के चेहरे से मिलान करेगी, अगर कोई ऐसा शख्स कैमरे की जद में आता है, जिसकी शक्ल 70 प्रतिशत से ज्यादा फीड की गई फोटो से मिलती जुलती होगी तो कंट्रोल रूम में एक अलार्म बज जाएगा, जिसके बाद पुलिस उस शख्स को पकड़ लेगी।

इतना ही नहीं पुलिस अधिकारियों के मुताबिक इस सॉफ्टवेयर का ट्रायल पिछले साल 15 अगस्त को किया गया था। साथ ही दिल्ली एयरपोर्ट पर भी इसका परीक्षण किया जा चुका है और अब पहली बार इसका इस्तेमाल गणतंत्र दिवस की परेड में हो रहा है।

बहरहाल, परेड के रूट की सुरक्षा इस बार भी बेहद सख्त है। इसके अलावा सुरक्षा को 5 लेयर में बांटा गया है, और इन लेयर्स में खुफ़िया विभाग से लेकर, NSG, SPG, पैरामिलिट्री फोर्सेज और दिल्ली पुलिस के जवान भी सुरक्षा में तैनात रहेंगे। चप्पे चप्पे पर पुलिस की नज़र रहे इसके लिए परेड के रूट पर करीब 250 सीसीटीवी कैमरों को भी लगाया गया है।