(वीडियो) राम मंदिर: ये क्या बोल गए थरूर… स्वामी ने बताया नीच, रिजवी का राहुल पर हमला

Avatar Written by: October 15, 2018 4:01 pm

नई दिल्ली। 2019 लोकसभा चुनाव की तारीख जैसे-जैसे करीब आ रही है, नेता बेलगाम होते जा रहे हैं। एक खास वोट बैंक को लुभाने के लिए वो ना सिर्फ बहुसंख्यकों को नीचा दिखाने की कोशिश कर रहे हैं, बल्कि राम मंदिर जैसे सवंदेनशील मुद्दे पर भी बेतुकी बयानबाजी कर रहे हैं। ये बयानवीर हैं सांसद शशि थरूर। ये बात अलग है कि राम मंदिर के अस्तित्व को ही नकारने वाली कांग्रेस पार्टी के नेता अब बयान भी उसी सोच के हिसाब से दे रहे हैं।shashi tharoorथरूर के बयान पर भाजपा नेताओं ने जमकर निशाना साधा है, तो वहीं शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी ने भी इसे लेकर सीधे कांग्रेस को घेरा है। बता दें कि पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने चेन्नई में चल रहे द हिंदू लिटरेचर फेस्टिवल में कहा कि कोई भी ‘अच्छा’ हिंदू ये नहीं चाहेगा कि मस्जिद का ढांचा गिराकर राम मंदिर बने।

शशि थरूर ने कहा, ”कोई भी ‘अच्छा’ हिंदू ये नहीं चाहेगा कि किसी दूसरे धर्म के ढांचे को गिराकर उसी स्थान पर राम मंदिर बनाया जाए.” थरूर ने इस कार्यक्रम में राम मंदिर के अलावा भी कई मुद्दों पर बात की।पलटवार करते हुए सुब्रमण्यम स्वामी ने कहा कि, ”उनके (थरूर) के खिलाफ चार्जशीट है, अब हम ऐसे व्यक्ति के बयान पर क्या ही कहें, वो नीच आदमी है.” गौरतलब है कि बीते दिनों में राम मंदिर का मुद्दा भारतीय राजनीति के केंद्र में आया है। एक ओर राजनीतिक बयानबाजी हो रही है तो दूसरी तरफ सुप्रीम कोर्ट में इस मामले की सुनवाई भी 29 अक्टूबर से रोजाना शुरू होने वाली है।

तो वहीं वसीम रिजवी ने चुटकी लेते हुए कहा कि ‘अच्छे’ हिंदू तो सिर्फ राहुल गांधी जी हैं, बाकी सारे तो बुरे हिंदू हैं। वसीम ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि एक अकेले राहुल गांधी और उनकी पार्टी ढांचे पर फिर से बाबरी मस्जिद बनाए जाने का सपना देख रही हैं, वो अच्छे हिंदू है, जो बाकी लोग रामजन्मभूमि स्थल पर मंदिर निर्माण का सपना देख रहे हैं, वो बुरे हिंदू हैं।

राज्यपालों को ज्ञापन सौंपेगी विश्व हिन्दू परिषद

दूसरी तरफ विश्व हिन्दू परिषद के कार्याध्यक्ष आलोक कुमार ने सोमवार को कहा कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिये जागरूकता फैलाने एवं जनमत तैयार करने के लिये परिषद इस सप्ताह से देश के हर राज्य के राज्यपाल को ज्ञापन देगी और संसद में कानून बनाने के लिये नवंबर में सांसदों पर दबाव बनायेगी।

Support Newsroompost
Support Newsroompost