टूट गई सैकड़ों साल पुरानी परंपरा, 40 साल की दो महिलाओं ने सबरीमाला मंदिर में किए दर्शन, देखें VIDEO

Written by: January 2, 2019 10:08 am

नई दिल्ली। केरल के सबरीमाला मंदिर का सैंकडों पुराना इतिहास टूट गया है। बता दें, सबरीमाला मंदिर में बुधवार को भारी विरोध के बीच 50 वर्ष से कम उम्र की दो महिलाओं ने प्रवेश कर इतिहास रच दिया। बताया जा रहा है कि बिंदु और कनकदुर्गा नाम की दो महिलाओं ने आधी रात को मंदिर की सीढ़ियां चढ़नी शुरू की और सुबह करीब 3.45 पर भगवान के दर्शन किए। दोनों महिलाओं के साथ साधारण कपड़ों में और यूनिफॉर्म में कुछ पुलिसकर्मी थे।

वहीं पुलिस सूत्रों ने कहा कि दो महिलाओं ने सुबह मंदिर में प्रवेश किया। महिलाओं ने भगवान अय्यपा के दर्शन करने के बाद वे दोनों लौट गईं। बताया जा रहा है कि ये महिलाएं पुलिस की टुकड़ी के साथ थीं। पुलिसकर्मी वर्दी और सादे ड्रेस में थे। समाचार एजेंसी एएनआई ने वीडियो भी जारी किया है।

अय्यप्पा धर्म सेना के नेता और कार्यकर्ता राहुल ईश्वर ने कहा कि मुझे नहीं लगता कि यह सही है। उन्होंने गुत्प तरीके से किया होगा, जैसे ही हमें पता चलेगा, हम उचित कार्रवाई करेंगे।

बता दें कि इससे पहले 24 दिसंबर के आस-पास भी सबरीमाला मंदिर में भगवान अयप्पा के दर्शन की चाह रखने वाली तमिलनाडु की 11 महिलाओं के एक समूह को प्रदर्शनकारियों के हिंसक होने पर यात्रा को छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा था। इस दौरान पुलिस ने दो दर्जन प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया था।

मंगलवार को ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इंटरव्यू  के दौरान जब उनसे सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि सबरीमाला ही नहीं देश में कई ऐसे मंदिर हैं, जहां पर परंपरा के मुताबिक पुरुषों की एंट्री प्रतिबंधित है। वहां इसका पालन किया जाता है। इस पर किसी को समस्या नहीं होती। अगर लोगों की आस्था है कि सबरीमाला मंदिर में महिलाओं का प्रवेश न हो तो उसका भी ख्याल रखा जाना चाहिए।

 

गौरतलब है कि सबरीमाला मंदिर में महिलाओं के प्रवेश के मामले पर सुनवाई के लिए 5 जजों की बेंच बनाई गई थी। इसमें एक महिला जज इंदु मल्होत्रा थीं। इस मामले फैसला 4-1 से फैसला आया था जिसमें कहा गया था कि किसी भी उम्र की महिला को मंदिर में प्रवेश से रोका नहीं जा सकता। जबकि पीठ में शामिल एकमात्र महिला जज इंदु मल्होत्रा ने इसका विरोध किया था।