बर्थडे स्पेशल: भारत के 14वें प्रधानमंत्री बनने वाले नरेंद्र मोदी के पीएम बनने के पीछे ग्रह नक्षत्रों का बेहद महत्वपूर्ण योगदान रहा है। देखिये क्या कहती है मोदी की कुंडली

Avatar Written by: September 15, 2017 3:58 pm

वर्ष 2001 से 2014 तक गुजरात में सीएम का पद संभालने वाले व 2014 मे भारत के 14वे प्रधानमंत्री बनने वाले नरेंद्र मोदी के पीएम बनने के पीछे ग्रह नक्षत्रों का बेहद महत्वपूर्ण योगदान रहा है। अमेरिका के 16वें राष्ट्रपति अब्राहम लिंकन के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ही बने विश्व के सबसे मशहूर राजनेता, ऐसा ज्योतिषाचार्य प्रवीन चौहान का मानना है।

अमेरिका में दास प्रथा के अंत का श्रेय लिंकन को जाता है ठीक उसी प्रकार ट्रिपल तलाक जैसी प्रथा के अंत के लिए लड़ने वाले प्रधानमंत्री मोदी की लोकप्रियता गृह दशा की माने तो आने वाले समय मे बढ़ती जाएगी। आइये जानते हैं भारतीय ज्योतिष के अनुसार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भविष्य।

इंटरनेट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दो अलग-अलग प्रचलित कुण्डली मोजूद है जिनमें 17 सितंबर 1950 जन्म समय 11:00 बजे, मेहसाणा-गुजरात जिसके अनुसार वृश्चिक लग्न की कुंडली बनती है। वृश्चिक लग्न की कुंडली को ही सर्वाधिक ज्योतिषियों ने आधार माना व मध्य लग्न निकालकर गणना करते हैं।

प्रधानमंत्री मोदी का भाग्यशाली नंबर अर्थात मूलांक नंबर 8 बनता है जो कि शनि ग्रह से संबंध रखता है। शनिदेव को सूर्य पुत्र एवं कर्मफल दाता माना जाता है। शनि, सूर्य से छठा ग्रह है तथा बृहस्पति के बाद सौरमंडल का सबसे बड़ा ग्रह है। शनि न्याय के देवता माने जाते हैं, जिसका सीधा संपर्क जनता जनार्धन से होता है। आने वाला साल संवत 2075 अर्थात 2018-19 में साल के राजा सूर्यदेव व मंत्री शनि होंगे जो की प्रधानमंत्री मोदी को यश व शक्ति में और बल प्रदान करेंगे। आने वाले वर्ष में प्रधानमंत्री मोदी जनहित में कई महत्वपूर्ण कार्य करेंगे जिसके दूरगामी परिणाम देखने को मिलेंगे साथ ही साथ पाकिस्तान की ओर आने वाले वर्ष में कड़ा कदम जैसे सर्जिकल स्ट्राइक 2016 की भांति या उससे अधिक गंभीर कदम उठाया जा सकता है।

प्रधानमंत्री मोदी की हस्तरेखा पर ध्यान दें तो, इंटरनेट से प्राप्त मोदी जी के हाथ की फोटो देख सामुद्रिक शास्त्र के नियमानुसार कुछ बात साफ कही जा सकती है प्रधानमंत्री मोदी के हाथ में वृहस्पति व शनि दोनों पर्वत उभरे हुए दमदार स्थिति में दिखते हैं जो की दर्शाता है की वृहस्पति के कारण प्रधानमंत्री मोदी एक देशभक्त, बुद्धि निपुणता, उदारता, धार्मिक तथा राजा की पदवी प्राप्त करने वाले साथ ही शनि पर्वत पर नजर डाले तो ऐसे जातक निडर, निर्भीक, ओजस्वी, साहसी, जातक के सफलता, सम्मान, प्रतिष्ठा में लगातार वृद्धि होती हैं। ऐसा जातक कोर्ट कचहरी में विजय प्राप्त करने वाला, कठिनाइयों के बाद भी जातक की कीर्ति बढ़ती ही जाती हैं। जातक वर्षों तक राज्य में राजा बनकर रहता हैं।

इनका जन्म अनुराधा नक्षत्र के द्वितीय चरण में हुआ था। ज्योतिष शास्त्रों के अनुसार अनुराधा नक्षत्र के द्वितीय चरण में जन्म लेने वाला जातक अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित एवं और राज्य सत्ता में उच्य पदासीन होते हैं। ऐसे जातक शत्रुओं से कभी नहीं घबराते व उनको परास्त करने की गजब की शक्ति होती है। ये तो साफ है मोदी वर्षों तक भारत मां की सेवा करेंगे।

स्वतंत्र भार‍त की कुंडली को देखें तो इस समय भारत पर चंद्रमा की महादशा चल रही है स्वतंत्र भार‍त की कुंडली में चंद्रमा अनुकुल है। ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को स्त्री ग्रह मानते हैं, यही कारण है वर्तमान की मोदी सरकार महिला सशक्तिकरण की योजनाओं पर विशेष बल दे रही है। कुछ दिन पूर्व ही मोदी कैबिनेट फेरबदल में सबसे चौंकाने वाले फैसले के रूप में निर्मला सीतारमन का नाम आया है।

देश की पहली महिला पूर्णकालिक रक्षा मंत्री बनीं निर्मला सीतारमन। खेल की बात की जाए तो ओलंपिक से लेकर क्रिकेट हो या राजनीति से लेकर व्यवसाय देश की महिलाएं हर क्षेत्र में अपना परचम लहरा रही हैं व देश को गौरवान्वित कर रही है। साथ ही भविष्य की बात करें तो ज्योतिष आकलन इस बात का इशारा करता है की मोदी के नेतृत्‍व में भारत को संयुक्‍त राष्‍ट्र सुरक्षा परिषद् में स्‍थायी सदस्‍यता का मौका अवश्य मिलेगा। आशा करते हैं हमारे देश के प्रधानमंत्री की ऊर्जा व स्वास्थ्य इसी तरह बना रहे व भारत जल्द ही विश्वगुरु बने।​

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