सचिन कुमार

उन्होंने बिपिन रावत के निधन  समेत सभी सैन्य अधिकारियों की मौत पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि, जनरल रावत, एक कार्यक्रम को संबोधित करने के लिए शेड्यूल्ड विजिट पर थे। रक्षा मंत्री ने कहा कि बुधवार को 12.8 बजे हेलिकॉप्टर से संपर्क टूट गया।

CDS: 1999 में कारगिल युद्ध के दौरान रक्षा विशेषज्ञों ने तीनों सेनाओं के बीच तालमेल की कमी को महसूस किया था। रक्षा विशेषज्ञों के मुताबिक, तालमेल के अभाव में तीनों सेनाओं के बीच तालमेल के अभाव में भारतीय सैन्य बल को काफी क्षति का सामना करना पड़ा था।

वहीं, भारतीय वायुसेना ने इस पूरे मसले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए हैं। साथ ही इस हादसे के पीछे की वजह जानने के लिए जांच के आदेश दिए जा चुके हैं।  वहीं, अब खबर है कि जहां एक तरफ पूरे देश जनरल रावत के निधन से दुखी है, तो वहीं पाकिस्तान में भी शोक की लहर है।

Bipin Rawat Passes Away: इसके अलावा राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद जनरल बिपिन रावत के निधन पर ट्वीट कर दुख जताया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि, जनरल बिपिन रावत और उनकी पत्नी मधुलिका जी के असामयिक निधन से स्तब्ध और व्यथित हूं। देश ने अपने सबसे बहादुर सपूतों में से एक को खो दिया है।

अभी तक इस हादसे की वजह जाहिर नहीं हो पाई है। माना जा रहा है कि धुंध इस हादसे की वजह हो सकती है। उधर, इस हादसे को लेकर अभी राजनीतिक गलियारों से लेकर सैन्य हलकों तक से कोई अधिकृत जानकारी सामने नहीं आई है। हालांकि , भारतीय वायुसेना ने ट्वीट कर इस पूरे मसले की गहन तफ्तीश करने की बात कही है। फिलहाल, इस घटना की तफ्तीश की जा रही है।

इस हेलिकॉप्टर की अधिकतम रफ्तार 250 किमी/घंटा है. यह 6000 मीटर की अधिकतम ऊंचाई तक उड़ान भरने में सक्षम है। एक बार ईंधन भरने के बाद यह 580 किमी. की दूरी तय करता है। हालांकि दो सहायक ईंधन टैंक भरने के बाद यह 1065 किमी की दूरी तय कर सकता है।

सीडीएस जनरल बिपिन रावत के साथ एक IAF Mi-17V5 हेलीकॉप्टर, तमिलनाडु के कुन्नूर के पास आज दुर्घटना का शिकार हो गया। हादसे के कारणों का पता लगाने के लिए जांच के आदेश दे दिए गए हैं। अभी रेस्कूय ऑपरेशन चल रहा है।

Farmer Protest: आंदोलन के दौरान जान गंवाने वाले किसानों के परिजनों को आर्थिक सहायता प्रदान की जाए। इसके अलावा लखीमपुर हिंसा में मारे गए किसानों को परिजनों को आर्थिक सहायता समेत दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलवाने की दिशा में कदम उठाए जाए, तभी किसानों द्वारा घर जाने की संभावनाएं जन्म लेंगी।

Shri Krishna JanamBhoomi Case: हर प्रकार की गतिविधियों पर पैनी निगाहें रखी जा रही थी। साथ ही हर प्रकार की संदिग्ध गतिविधियों पर विराम लगाने की दिशा में सारी रूपरेखा पुलिस की तरफ से तैयार की जा चुकी थी। खबरों की मानें तो पुलिस की तरफ से संगठन की संगठन की समझाइश भी की गई थी।

आंदोलन स्थल पर इसे लेकर बैठक चल रही है। अब देखना होगा कि बैठक का क्या नतीजा रहता है। क्या इस बैठक के उपरांत किसान भाई आंदोलन पर विराम लगाने को राजी होते हैं या नहीं है। माना जा रहा है कि कोरोना के नए वैरिएंट को ध्यान में रखते हुए किसान भाई आंदोलन को विराम दे सकते हैं।