1984 दंगे पर बयान देकर घिरे सैम पित्रोदा आए बैकफुट पर, कही ये बात

उन्होंने लिखा, कि मैं अपने सिख भाइयों-बहनों का दर्द समझता हूं। मैं समझता हूं कि 1984 में उन्हें काफी दर्द झेलना पड़ा। उन्होंने कहा कि भाजपा मेरे तीन शब्द को गलत तरीके से पेश कर वास्तविकता से दूर भाग रही है और हमें बांटकर अपनी नाकामियां छिपा रही है। दुखद है कि उनके पास बताने को कुछ भी सकारात्मक नहीं है।

Written by: May 10, 2019 10:46 am

नई दिल्ली। कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के करीबी और इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के प्रमुख सैम पित्रोदा ने 1984 के सिख विरोधी दंगों पर दिए अपने बयान पर सफाई पेश की है। पित्रोदा का कहना है कि भाजपा अपनी नाकामी छुपाने के लिए मेरे बयानों का गलत अर्थ निकाल रही है। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि उनके साक्षात्कार में से ‘तीन शब्द’ निकाल कर गलत तरीके से पेश कर दिया गया।

sam pitroda and rahul gandhi

उन्होंने एक के बाद एक ट्वीट कर अपने बयान का बचाव किया। उन्होंने लिखा, कि मैं अपने सिख भाइयों-बहनों का दर्द समझता हूं। मैं समझता हूं कि 1984 में उन्हें काफी दर्द झेलना पड़ा। उन्होंने कहा कि भाजपा मेरे तीन शब्द को गलत तरीके से पेश कर वास्तविकता से दूर भाग रही है और हमें बांटकर अपनी नाकामियां छिपा रही है। दुखद है कि उनके पास बताने को कुछ भी सकारात्मक नहीं है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली के रामलीला मैदान की अपनी चुनावी सभा में सिख दंगे के मुद्दे पर कांग्रेस को घेरा था। उन्होंने कहा था कि इन्हें अपने पूर्वजों के नाम पर वोट तो चाहिए, लेकिन जब उन्हीं के कारनामे खंगाले जाते हैं तो इन्हें मिर्च लग जाती है…कांग्रेस को बताना पड़ेगा कि 1984 के सिख दंगों का हिसाब कौन देगा?

PM Narendra Modi

इस पर सैम पित्रोदा ने कहा था कि था, ‘अब क्या है 84 का? आपने क्या किया पांच साल में उसकी बात करिए। 84 में जो हुआ वो हुआ।’ इस पर भाजपा भड़क गई। खुद भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने पित्रोदा के इस बयान वाला वीडियो अपने ट्विटर पर शेयर किया और लिखा- देश मर्डरर कांग्रेस को कभी माफ नहीं करेगा। वहीं पार्टी ने सोनिया गांधी और राहुल गांधी से माफी की मांग की।

Sam Pitroda

बता दें कि 31 अक्टूबर 1984 को पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की उनके सिख अंगरक्षकों द्वारा हत्या किए जाने के बाद भड़के सिख विरोधी दंगे में तीन हजार से ज्यादा सिख मारे गए थे।