महाराष्ट्र में भाजपा की नई रणनीति आई सामने, बस 2 दिन का है इंतजार

बता दें कि 4 नवंबर यानी सोमवार को एनसीपी प्रमुख शरद पवार और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के बीच मुलाकात होगी। माना जा रहा है कि इस मुलाकात के बाद ही दोनों पार्टियां शिवसेना को लेकर अपना रुख साफ करेंगी।

Avatar Written by: November 3, 2019 2:03 pm

नई दिल्ली। महाराष्ट्र में चाहे शिवसेना सरकार बनाने का दावा कर रही है और साथ ही ये भी बोल रही है कि, शिवसेना को 170 से 175 विधायकों का समर्थन मिलेगा। लेकिन भाजपा भी चुप नहीं बैठी और किसी खास रणनीति को लेकर भाजपा राज्य में काम कर रही है। फिलहाल भाजपा शिवसेना की ओर देख रही है और बात करने के लिए शिवसेना का इंतजार कर रही है।

Devendra Fadnavis

पार्टी को उम्मीद है कि 4 और 5 नवंबर के बाद शिवसेना फिर से बातचीत शुरू करेगी, क्योंकि तब तक कांग्रेस और एनसीपी भी अपना रुख साफ कर चुकी होंगी।

Devendra fadanvees Uddhav Thakcrey

बता दें कि 4 नवंबर यानी सोमवार को एनसीपी प्रमुख शरद पवार और कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के बीच मुलाकात होगी। माना जा रहा है कि इस मुलाकात के बाद ही दोनों पार्टियां शिवसेना को लेकर अपना रुख साफ करेंगी। सोनिया गांधी और शरद पवार की मुलाकात से पहले मुंबई में एनसीपी मुख्यालय में एनसीपी नेताओं की बैठक हुई।

शिवसेना और एनसीपी में पक रही खिचड़ी

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बीजेपी ने फिलहाल अपनी रणनीति तो बना ली है, लेकिन इस बीच शिवसेना और एनसीपी के बीच भी खिचड़ी पक रही है।  शिवसेना नेता संजय राउत का ताजा बयान बीजेपी की मुश्किलें बढ़ा सकता है। उन्होंने महाराष्ट्र में सरकार बनाने का दावा किया है। राउत ने कहा कि हमारे पास बहुमत का आंकड़ा है। अभी हमारे पास 170 विधायकों का समर्थन है, जो 175 तक पहुंच सकता है।

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बता दें, शिवसेना के 56 विधायक हैं, जबकि कांग्रेस के पास 44 और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) के पास 54 विधायक हैं, वहीं, निर्दलीय विधायकों की संख्या एक दर्जन से ज्यादा है। अगर ये सभी पार्टियां एकसाथ आती हैं तो ये आंकड़ा 170 के करीब पहुंचता है।