ईवीएम की गड़बड़ी से चंद्रबाबू नायडू नाखुश

सर्वोच्च न्यायालय ने सोमवार को चुनाव आयोग को हर विधानसभा क्षेत्र के कोई भी पांच मतदान केंद्रों पर वीवीपीएटी पर्चियों को ईवीएम से मिलान करने का निर्देश दिया है।

Avatar Written by: April 11, 2019 12:40 pm

अमरावती। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री और तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) अध्यक्ष एन. चंद्रबाबू नायडू ने गुरुवार को कई मतदान केंद्रों पर इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) के काम नहीं करने पर नाराजगी व्यक्त की है।

नायडू ने यहां मीडिया से कहा कि कई मतदान केंद्रों पर ईवीएम के काम नहीं करने के कारण वहां मतदान देरी से शुरू हुआ। उन्होंने कहा कि जब मुख्य चुनाव अधिकारी गोपाल कृष्ण द्विवेदी वोट डालने गए तो वहां ईवीएम काम नहीं कर रही थी।

आंध्र प्रदेश की 25 लोकसभा और 175 विधानसभा सीटों पर मतदान जारी है। नायडू ने कहा कि चुनाव आयोग को कम से कम अब तो ईवीएम पर अपने रुख की समीक्षा करनी चाहिए।


तेदेपा प्रमुख ने कहा, “हम लंबे समय से कह रहे हैं कि ईवीएम में तकनीकी गड़बड़ियों और छेड़छाड़ की गुंजाइश है। यहां तक कि तकनीकी रूप से उन्नत देशों में भी चुनाव के लिए बैलट पेपर का उपयोग होता है।”

उन्होंने कहा कि देश के 22 राजनीतिक दलों ने मांग की है कि कम से कम वोटर वेरीफिएबल पेपर ऑडिट ट्रायल (वीवीपीएटी) की पर्चियों की गिनती होनी चाहिए। वे चुनाव आयोग की उस बात से सहमत नहीं हैं कि वीवीपीएटी पर्चियों को गिनने में छह दिन लगेंगे।

सर्वोच्च न्यायालय ने सोमवार को चुनाव अयोग को हर विधानसभा क्षेत्र के कोई भी पांच मतदान केंद्रों पर वीवीपीएटी पर्चियों को ईवीएम से मिलान करने का निर्देश दिया है। अदालत ने राजनीतिक दलों की कम से कम 50 प्रतिशत वीवीपैट पर्चियों के मिलान की मांग खारिज कर दी।

नायडू ने कहा कि वे कम से कम 25 प्रतिशत वीवीपैट पर्चियों के मिलान की मांग के साथ एक पुनर्विचार याचिका दायर करने पर विचार कर रहे हैं।