शिक्षा में समाज को बदलने, बुराइयों से लड़ने की ताकत – आनंद

चर्चित कोचिंग संस्थान सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार ने सऊदी अरब में प्रवासी बिहारियों से समाज में शिक्षा का प्रकाश फैलाने में अपना योगदान देने का आह्वान करते हुए कहा है कि शिक्षा में अकेले ही समाज को बदलने और सभी बुराइयों से लड़ने की ताकत है।

Written by: March 23, 2019 7:25 pm

नई दिल्ली। चर्चित कोचिंग संस्थान सुपर 30 के संस्थापक आनंद कुमार ने सऊदी अरब में प्रवासी बिहारियों से समाज में शिक्षा का प्रकाश फैलाने में अपना योगदान देने का आह्वान करते हुए कहा है कि शिक्षा में अकेले ही समाज को बदलने और सभी बुराइयों से लड़ने की ताकत है। आनंद कुमार रियाद में बिहार फाउंडेशन के सऊदी अरब चैप्टर द्वारा शुक्रवार को आयोजित ‘बिहार दिवस समारोह’ में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।

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बिहार फाउंडेशन की तरफ से जारी बयान के अनुसार, आनंद ने कहा शिक्षा से व्यक्ति आत्मविश्वास से भर जाता है और वह सही समय पर सही निर्णय ले सकता है। कुमार ने संपन्न लोगों से शिक्षा के क्षेत्र में मदद के लिए आगे आने की अपील करते हुए कहा कि समाज के संपन्न लोगों की जिम्मेदारी है कि जरूरतमंद तबके तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने के बारे में विचार करें।

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बयान के अनुसार, उन्होंने कहा, “बिहार ही नहीं, बल्कि पूरे भारत में जरूरतमंदों के लिए शिक्षा को सुविधाजनक बनाने से ज्यादा कुछ भी संतोषजनक नहीं है। यहां प्रत्येक समर्थवान प्रवासी बिहारी इस क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला सकता है।” बयान के अनुसार, बिहार फाउंडेशन सऊदी अरब चैप्टर के अध्यक्ष ओबैदुर रहमान ने आनंद कुमार को आश्वासन दिया कि निकट भविष्य में सुपर 30 की तर्ज पर यहां भी जरूरतमंद छात्रों की मदद करने के लिए एक संस्थान प्रारंभ किया जाएगा। उन्होंने इसके लिए आनंद से सहयोग की अपील की।

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शिक्षा से संबंधित किसी भी कार्यक्रम के लिए सभी मदद का आश्वासन देते हुए आनंद ने कहा कि वर्तमान समय में पूरी दुनिया में ज्ञान ही वास्तविक सशक्तिकरण का माध्यम है। सुपर 30 भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान की प्रवेश परीक्षा की तैयारी कराने के लिए चर्चित संस्थान है।

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आनंद के जीवन पर ‘सुपर 30’ नामक एक बायोपिक बनाई जा रही है, जिसमें बालीवुड अभिनेता रितिक रोशन मुख्य भूमिका में हैं।
आनंद ने कहा कि आगामी 26 जुलाई को रिलीज होने वाली फिल्म दुनिया के तमाम मेहनती शिक्षकों तथा छात्रों को समर्पित है, जिन्होंने कठिनतम बाधाओं के बावजूद अपनी कोशिशें जारी रखीं हैं।