व्यापम की जांच में अब कमलनाथ सरकार की एसटीएफ ने दर्ज की एफआईआर, गर्मा गयी सियासत

सीबीआई के साथ साथ अब मध्यप्रदेश एसटीएफ ने भी व्यापम फर्जीवाड़े की जांच फिर शुरू कर दी है। एसटीएफ ने जांच के बाद एमबीबीएस डॉक्टरों पर तीन एफआईआर दर्ज कर ली है।

Written by: December 27, 2019 7:52 pm

नई दिल्ली। सीबीआई के साथ साथ अब मध्यप्रदेश एसटीएफ ने भी व्यापम फर्जीवाड़े की जांच फिर शुरू कर दी है। एसटीएफ ने जांच के बाद एमबीबीएस डॉक्टरों पर तीन एफआईआर दर्ज कर ली है। इन तीन आरोपियों ने फर्जी मूल निवासी प्रमाण पत्र के जरिए पीएमटी में एडमिशन लिया था। हालांकि सीबीआई पहले से ही इस मामले की जांच कर रही है।

मगर सीबीआई की जांच के साथ ही अब एसटीएफ ने 197 शिकायतों की जांच करते हुए पीएमटी परीक्षा से जुड़े तीन अलग-अलग मामले में तीन एफआईआर दर्ज की है। एसटीएफ ने तीन एमबीबीएस डॉक्टरों को नामदर्ज आरोपी बनाया गया है। इस मामले में अब कई बड़े अफसर और राजनेताओं के नाम आने की भी संभावना जताई जा रही है।

व्यापम की परीक्षाओं में हुए फर्जीवाड़े को लेकर सबसे पहले एसटीएफ ने जांच शुरू की थी। कई एफआईआर दर्ज हुई और कई लोगों की गिरफ्तारी भी हुई। लेकिन जांच के बीच सियासी बवाल मचने और सरकार पर सवाल उठने के चलते इसे सीबीआई को सौंप दिया गया।

सीबीआई ने एसटीएफ के द्वारा दर्ज मामलों की जांच की और कईयों को गिरफ्तार किया। सीबीआई की जांच चल रही है लेकिन सितंबर 2019 में गृहमंत्री के आदेश के बाद एसटीएफ को व्यापम से जुड़ी पेंडिंग शिकायतों पर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। एसटीएफ ने पेंडिंग शिकायतों की जांच की और इसी जांच में तीन शिकायतों में तीन अलग-अलग एफआईआर दर्ज की गई हैं।