इन तीन पार्टियों को चुनाव आयोग का नोटिस, खत्म हो सकता है राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा

बता दें कि यदि चुनाव आयोग इन पार्टियों का राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा समाप्त करता है तो फिर देश में सिर्फ भाजपा, कांग्रेस, नेशनल पीपल्स पार्टी, सीपीएम और बसपा ही राष्ट्रीय पार्टियां रह जाएंगी।

Avatar Written by: August 8, 2019 12:30 pm

नई दिल्ली। 2019 के लोकसभा चुनाव में खराब प्रदर्शन की वजह से चुनाव आयोग ने राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा खत्म करने के लिए तीन पार्टियों नोटिस भेजकर जवाब मांगा है। दरअसल बीते लोकसभा चुनाव में शरद पवार की एनसीपी, ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी और कम्यूनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (CPI) ने राष्ट्रीय पार्टी के दर्जे की न्यूनतम योग्यता को खो दिया है।

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चुनाव आयोग ने इन पार्टियों को नोटिस जारी कर पूछा था कि क्यों नहीं इन पार्टियों का राष्ट्रीय दर्जा छीन लिया जाए? जिसके जवाब में टीएमसी ने कहा है कि उनकी पार्टी को साल 2016 में ही राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा मिला है और उन्हें साल 2024 के आम चुनावों तक यह दर्जा दिया जाए।

अपने जवाब में टीएमसी ने तर्क दिया है कि साल 2014 के आम चुनावों में बसपा, सीपीआई और एनसीपी अपना राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा खो चुकी थीं, लेकिन आयोग ने दो चुनाव चक्र के बाद इनके राष्ट्रीय पार्टी के दर्जे का रिव्यू करने का फैसला किया था। ऐसे में टीएमसी को भी दो चुनाव चक्र पूरा करने की अनुमति दी जानी चाहिए।

बता दें कि चुनाव आयोग द्वारा दिए गए इस नोटिस का जवाब देने की आखिरी तारीख 5 अगस्त थी, जिसपर इन पार्टियों ने राष्ट्रीय पार्टी के दर्जे को आगामी 2024 को लोकसभा चुनावों तक जारी रखने का आग्रह किया है। वहीं सीपीआई ने तर्क दिया है कि हम देश की सबसे पुरानी पार्टियों में से एक हैं और हमने देश की आजादी की लड़ाई में भी हिस्सा लिया है। ऐसे में फिलहाल हमारा राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा बरकरार रखा जाए।

बता दें कि यदि चुनाव आयोग इन पार्टियों का राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा समाप्त करता है तो फिर देश में सिर्फ भाजपा, कांग्रेस, नेशनल पीपल्स पार्टी, सीपीएम और बसपा ही राष्ट्रीय पार्टियां रह जाएंगी।

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