AMU वीसी के बाद गुजरात दंगों पर पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी बोले…

Written by: October 15, 2018 4:57 pm

नई दिल्ली। एएमयू के पूर्व वाइस चांसलर और लेफ्टीनेंट जनरल (रिटायर्ड) जमीरउद्दीन शाह की किताब आजकल काफी चर्चा में है। बता दें कि जमीरउद्दीन ने अपनी किताब में राजनीतिक पार्टियों पर बिना निशाना साधे खुलासा करते हुए कहा है, “जब में अपनी फौज लेकर गुजरात पहुंचा तो वहां सेना को सहयोग नहीं किया गया। कोई भी अधिकारी सेना की मदद के लिए अहमदाबाद एयर फील्ड पर नहीं पहुंचा।'The Sarkari Musalman' released by Ex VP Hamid Ansariशाह ने कहा कि पुलिस दंगाईयों का सहयोग कर रही थी। तो वहीं अब इस बेहद संवेदनशील मु्द्दे पर पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी का बड़ा बयान सामने आया है, जिसके मुताबिक, केआर नारायणन ने केन्द्र सरकार से नाराज़गी जाहिर करते हुए कहा था कि गुजरात में सेना तो भेजी गई, लेकिन उसे गोली चलाने की इजाजत नहीं थी।Lt. Zameeruddin Shahजमीरउद्दीन शाह की किताब ‘दॉ सरकारी मुसलमान’ के विमोचन के दौरान हामिद अंसारी ने भी शाह की लिखी बातों का समर्थन किया और कहा, “एक बार पूर्व राष्ट्रपति केआर नारायणन ने जिक्र करते हुए कहा था कि गुजरात दंगों पर सरकार से नाराजगी जाहिर करते हुए उन्होंने वहां सेना भेजने, लेकिन सेना को गोली चलाने की इजाजत न देने की बात रखी थी।अंसारी ने गुजरात दंगों पर सियासी पार्टियों के बारे में जिक्र नहीं होने पर कहा, “इस किताब में एक कमी मुझे बहुत महसूस हुई कि गुजरात दंगों के दौरान सियासी पार्टियों का क्या रोल रहा था इसका जिक्र नहीं किया गया है, लेकिन सरकार की जिम्मेदारी है कि वह दंगे-फसाद से पीडित लोगों को सुरक्षा और अमन-चैन कायम कर दे.”

अल्पसंख्यकों के मुद्दे पर अंसारी बोले कि लोकतंत्र में किसी भी कमजोर और और ये अहसास नहीं होना चाहिए कि वह असुरक्षित है, उसे पूरी सुरक्षा मिलनी चाहिए।