चंद्रबाबू नायडू का केंद्र की वादाखिलाफी के विरोध में एकदिवसीय अनशन

Written by: April 20, 2018 10:02 am

विजयवाड़ा। आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन.चंद्रबाबू नायडू ने शुक्रवार को केंद्र सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए एक दिवसीय अनशन शुरू कर दिया। नायडू ने केंद्र सरकार के राज्य के प्रति उदासीन रवैए को देखकर यह अनशन शुरू किया है।

TDP president and chief minister chandrababu naidu

नायडू शुक्रवार को 68 वर्ष के हो गए। नायडू ने विजयवाड़ा में इंदिरा गांदी म्यूनिसिपल स्टेडियम में धरमा पोराटा दीक्षा अनशन शुरू किया। यह अनशन सुबह सात बजे शुरू हुआ और शाम शात बजे खत्म होगा। राज्य मंत्रियों काला वेंकट राव, डी.उमामहेश्वर राव, नरा लोकेश, कोलू रविंद्र, तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) के सांसद और विधायक राज्य सरकार द्वारा आयोजित विशाल कार्यक्रम में उनके साथ अनशन में शामिल हुए।

नायडू ने स्टेडियम पहुंचने से पहले महात्मा गांधी, बी.आर.अंबेडकर, ज्योतिराव फुले और एन.टी.रामा राव को माल्यार्पण किया। तेदेपा प्रमुख को अनशन शुरू होने से पहले हिंदुओं, मुसलमानों और इसाई धर्म गुरुओं का समर्थन मिला। प्रमुख स्वतंत्रता सेनानियों ने भी नायडू के प्रति समर्थन दिखाया।

नायडू ने आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने और 2014 में आंध्र प्रदेश का विभाजन कर तेलांगाना बनने के समय किए गए वायदों को पूरा करने की मांग के साथ यह अनशन शुरू किया है। पिछले महीने केंद्र सरकार द्वारा आंध्र प्रदेश को विशेष राज्य का दर्जा देने से इनकार करने पर तेदेपा भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (राजग) से अलग हो गई थी।

नायडू ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 2014 में किए गए वादों से मुकर गए हैं। नायडू ने लोगों से उनका जन्मदिन मनाने के बजाए केंद्र सरकार के खिलाफ एकदिवसीय अनशन करने की अपील की। तेदेपा नेताओं ने कहा कि देश के इतिहास में पहली बार किसी राज्य का मुख्यमंत्री अपने जन्मदिन पर अनशन कर रहा है।