राहुल गांधी के लिए पीएम मोदी ने शास्त्रों में से कुछ ऐसा पढ़ा कि कांग्रेस को लग गयी मिर्ची !

Written by Newsroom Staff July 21, 2018 12:50 pm

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने शासनकाल में पहली बार अविश्वास प्रस्ताव का सामना किया। शुक्रवार को दिनभर चली बहस के बाद बोलते हुए पीएम मोदी ने विपक्षी दलों को जमकर खरी खोटी सुनाई। 90 मिनट तक चले अपने भाषण में पीएम मोदी ने विपक्ष की ओर से रखे गए हर सवाल का जवाब दिया।

Narendra Modi अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर कई आरोप लगाए जिनके पीएम मोदी ने सिलसिलेवार जवाब दिए। इतना ही पीएम मोदी ने राहुल गांधी के एक सवाल का जवाब संस्कृत के श्लोक का उदाहरण देते हुए दिया।

Narendra Modi

पीएम मोदी ने कहा कि हमारे शास्त्रों में इस तरह के लोगों के बारे में अच्छी तरह से कहा गया है। ‘चातक पक्षी के मुंह में बारिश की बंदू सीधे नहीं गिरती तो इसमें बादल का क्या दोष।’

दरअसल कांग्रेस को खुद पर अविश्वास है। ये अविश्वास से घिरे हुए है। उनकी पूरी कार्यशैली और सांस्कृतिक जीवन अविश्वास से घिरा है। उन्हें रिजर्व बैंक पर विश्वास नहीं। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर भी विश्वास नहीं, चुनाव आयोग पर विश्वास नहीं, ईवीएम विश्वास नहीं? क्योंकि उनको अपने पर विश्वास नहीं है। जब कुछ मुट्ठीभर लोग अपना ही विशेषाधिकार मानकर बैठते थे। वो जनाधिकार में बदलने लगा तो उनको परेशानी होने लगा। जब भ्रष्टाचारियों पर कार्रवाई हुई उनकी परेशानी बढ़ गई। उन्होंने कहा कि जब उनको (राहुल गांधी) भी कोर्ट में पेश होना पड़ा तो चिंता होने लगी।

प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के बयान का जिक्र किया जिसमें राहुल ने कहा था कि जब वे बोलेंगे तब भूकंप आ जाएगा, प्रधानमंत्री उनके सामने खड़े भी नहीं पाएंगे। इसके जवाब मे प्रधानमंत्री ने कहा कि न भूकंप आया और मैं यहां खड़ा भी हूं और अपने काम पर अड़ा भी हूं।