अस्थमा

मई महीने के पहले मंगलवार को विश्व अस्थमा दिवस मनाया जाता है। दुनिया भर में अस्थमा के मरीजों के बीच जागरूकता फैलाने के लिए ये दिन मनाया जाता है।

ठंड का मौसम सांस की बीमारी वाले मरीजों के लिए वैसे ही तकलीफदेह है। इसके साथ प्रदूषण और फॉग हो तो यह परेशानी और बढ़ जाती है।

कलौंजी डायबिटीज से बचाता है, पिंपलस, सिरदर्द, अस्थमा, आंखों की रोशनी, कैंसर से बचाव, ब्लड प्रेशर कंट्रोल, मेमोरी पावर बढ़ाने में, आंखों की रोशनी, कैंसर आदि तक में उपयोगी और लाभकारी है. कलौंजी एक बेहद उपयोगी मसाला है.

विभिन्न वजहों से होने वाले अस्थमा के भी कई प्रकार होते हैं जैसे एडल्ट ऑनसेट अस्थमा, एलर्जिक ऑक्यूपेशनल अस्थमा, व्यायाम से होने वाला अस्थमा और गंभीर (सीवियर) अस्थमा इत्यादि।

अस्थमा के पीड़ितों को इंहेलर का प्रयोग करते समय तुरन्त मुंह नही खोलना चाहिए, जिससे दवा के कण सीधे फेफड़ों में पहुंच सकें। इसके साथ ही इंहेलर इस्तेमाल करने का सही तरीका हमेशा डॉक्टर से चेक कराते रहें, जिससे अस्थमा को नियंत्रित करने में मदद मिल सकें।