एनसीपी

सीएम उद्धव ने सवाल पूछते हुए कहा कि केंद्र में कितने पहिये हैं? हमारी तो ये तीन पार्टियों की सरकार है। केंद्र में कितने दलों की सरकार है, बताओ ना?

महाराष्ट्र में शिवसेना नीत महाराष्ट्र विकास आघाडी सरकार में तनाव के संकेत दिख रहे हैं, जहां गठबंधन की तीन सहयोगियों में से एक कांग्रेस, प्रमुख निर्णय लेने की प्रक्रिया और महत्वपूर्ण बैठकों में खुद को शामिल कराने का प्रयास कर रही है।

एक तरफ योगी ने जहां प्रदेश में लॉकडाउन को सफलता पूर्वक लागू करवाने एवं गरीब कल्याणकारी योजनाओं को जमीनी स्तर पर पहुंचाने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की अध्यक्षता 11 कमेटियों का गठन किया।

महाराष्ट्र में शिवसेना, एनसीपी और कांग्रेस की जबसे सरकार बनी है, तभी से तीनों पार्टियों के बीच मतभेद की खबरें लगातार सामने आ रही हैं। अब एक बार फिर महाराष्ट्र में महाविकास अगाड़ी गठबंधन में अनबन की सुगबुगाहट तेज है।

महाराष्ट्र की उद्धव ठाकरे सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए प्रदेश के सरकारी स्कूलों और कॉलेजों में मुस्लिमों को 5 फीसदी आरक्षण देने का फैसला किया है। एनसीपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता और महाराष्ट्र के अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री नवाब मलिक ने कहा कि जल्द ही इसे विधानसभा से पारित किया जाएगा।

बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने महाराष्ट्र के लिए बड़ा ऐलान कर दिया है। उन्होंने साफ कहा है कि महाराष्ट्र में अब बीजेपी अकेले चुनाव में उतरेगी। यहां ऑल वर्सेज वन होगा।

देशभर में चल रहे नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ विरोध प्रदर्शन के बीच महाराष्ट्र सरकार की ओर से ये कहा गया था कि वह इस कानून के खिलाफ विधानसभा में बिल नहीं लाएगी। लेकिन अब महाराष्ट्र सरकार में मुस्लिमों के लिए आरक्षण की चर्चा जोरो पर है।

उन्होंने लिखा कि उनके कहने पर राहुल गांधी ने वादा किया था कि मुंबई के लोगों को एसआरए और सरकार की अन्य योजनाओं के तहत 500 स्क्वायर फीट का घर दिया जाएगा। इस वादे को पूरा किया जाए।

दरअसल शिवसेना अपने गठबंधन के चक्कर में फंस चुकी है। गठबंधन में शामिल कांग्रेस और एनसीपी जैसे दल सेकुलरिज्म के नाम पर हिंदू धर्म के प्रतीकों से दूरी बनाते आए हैं।

महाराष्ट्र में शिवसेना-एनसीपी-कांग्रेस गठबंधन की सरकार गठन के बाद विभागों के बंटवारे में एक महीने के लगभग का समय लग गया।