कमलनाथ

साध्वी प्रज्ञा ठाकुर के गोडसे को देशभक्त बताने के बाद अब मध्य प्रदेश के शिक्षा विभाग ने गांधी के नाम के साथ एक निंदनीय विशेषण जोड़ दिया है। मध्य प्रदेश के शिक्षा विभाग का एक हैरान करने वाला कारनामा सामने आया है।

राजस्थान सरकार के नगर निकाय प्रमुखों के चुनाव के लिए एक हाइब्रिड मॉडल को लागू करने के फैसले पर राज्य की सत्तारूढ़ कांग्रेस बंटी हुई नजर आ रही है।

मध्य प्रदेश की कमलनाथ सरकार पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया एक के बाद एक लगातार वार किए जा रहे हैं। दो दिन पहले उन्होंने किसानों के दो लाख रुपये तक के कर्ज माफ न होने को लेकर सवाल उठाए थे

मुख्यमंत्री कमलनाथ ने चार लोगों की आंखों की रोशनी जाने के मामले में कहा है, "छिंदवाड़ा में मोतियाबिंद के ऑपरेशन बाद मरीजों की रोशनी जाने का मामला सामने आने पर इसकी जांच के आदेश दिए गए है।

कमलनाथ शुरू में इस मामले के आरोपी थे, लेकिन अदालत को उनके खिलाफ कोई सबूत नहीं मिला था। अब गांधी परिवार के वफादार माने जाने वाले 72 वर्षीय कांग्रेस नेता के लिए फिर से परेशानी खड़ी हो गई है।

कांग्रेस के पूर्व महासचिव ज्योतिरादित्य सिंधिया एक कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे थे। तभी पार्टी के कार्यकर्ता एक दूसरे के ऊपर कुर्सियों से हमला करने लगे। सिंधिया इन सब चीजों से नाराज हो गए और बीच कार्यक्रम से चले गए।

मुख्यमंत्री कमलनाथ ने केन्द्रीय मंत्री तोमर की मां शारदा देवी के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि शारदा देवी सरल स्वभाव, आध्यात्मिक विचारों और संस्कारों वाली महिला थीं।

दिग्विजय सिंह और ज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थक मध्यप्रदेश के वन मंत्री के बीच उठे विवाद को अनुशासन समिति के हवाले कर दिया है। मगर यह समिति भी पसोपेश में है।

राज्य में लगभग डेढ़ दशक बाद सत्ता में आई कांग्रेस नए अध्यक्ष की तलाश कर रही है। प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ वर्तमान में मुख्यमंत्री भी हैं और वे विधानसभा चुनाव के बाद से कई बार पार्टी हाईकमान के सामने नया अध्यक्ष बनाने का अनुरोध कर चुके हैं।

दिग्विजय सिंह के बारे में खबर है कि वह मध्यप्रदेश कांग्रेस में अपने गुट के कुछ विधायकों और मंत्रियों को लेकर खींचतान में जुटे हुए हैं। दिग्विजय सिंह की इस खींचतान से कमलनाथ और सिंधिया दोनों ही गुटों में असंतोष है।