कोरोना की वैक्सीन

स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा, "हमारे आंकड़ों को आईसीएमआर के साथ मिलाया जा रहा है।" वहीं मंत्रालय ने यह भी जानकारी दी कि 124 मामलों की कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग करने के लिए राज्यों को कहा गया है।

सूत्रों की माने तो प्रधानमंत्री इसके बाद अन्य प्रमुख आर्थिक मंत्रालयों के मंत्रियों के साथ भी संबंधित मुद्दों पर बैठकें करेंगे। इसके अलावा वित्त मंत्रालय प्रधानमंत्री मोदी के सामने एक प्रजेंटेशन भी पेश करेगा।

न्यायमूर्ति त्रिपाठी ने बिहार में एक अतिरिक्त महाधिवक्ता के रूप में भी काम किया था। बाद में उन्हें पटना उच्च न्यायालय में न्यायाधीश और फिर मुख्य न्यायाधीश बना दिया गया।

वर्तमान में कुल संक्रिय संक्रमणों में से 1 हजार 578 लोग इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) में भर्ती हैं। इसमें एक दिन पहले गुरुवार की तुलना में 116 मरीजों की कमी आई है।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने केवल चार जिलों बांदीपोरा, श्रीनगर, शोपियां और अनंतनाग को रेड जोन बताया है। पुलवामा ग्रीन जोन घोषित किया गया है, जबकि कश्मीर डिविजन के अन्य सभी पांच जिलों, कुलगाम, शोपियां, बडगाम, गांदरबल और बारामूला को ऑरेंज जोन कहा गया है।

गौरतलब है कि चीन के हुबेई प्रांत के वुहान शहर को ही महामारी का शुरुआती केंद्र माना जाता है। कोरोनावायरस संक्रमण के मामले यहीं सबसे पहले सामने आए और फिर पूरी दुनिया में फैल गए।

देश में इस वायरस को बढ़ने ना देने के लॉकडाउन को मार्च के अंत में लागू किया गया था, जिसे बढ़ाकर अब 17 मई तक के लिए कर दिया गया है। गौरतलब है कि लॉकडाउन को 4 मई से दो हफ्ते के लिए बढ़ा दिया गया है।

देश में कोरोना के मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। शुक्रवार की सुबह तक कोरोना के मरीजों संख्या ने 35 हजार के आंकड़ें को पार कर लिया। स्वास्थ्य मंत्रालय की जानकारी के मुताबिक देश में अबतक 35,043 कोरोना के मरीज पाए गए हैं।

बता दें कि ये दोनों कंपनियां चीन की हैं। इसके पहले भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (ICMR) ने इन कंपनियों से लिए गए कोविड-19 रैपिड एंटीबॉडी जांच किट के इस्तेमाल पर रोक लगाई गई थी और इसे वापस करने को कहा था।

प्रशासन के इस आदेश के मुताबिक, सरकारी कार्यालयों के अधिकृत अधिकारी व कर्मचारी, प्रधानमंत्री कार्यालय, केंद्रीय गृह मंत्रालय, वित्त, रक्षा, डाक विभाग, आपदा प्रबंधन और प्रारंभिक चेतावनी देने वाली एजेंसियां, राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र, भारतीय खाद्य निगम के अधिकारियों व कर्मचारियों को अपना वैध पहचान पत्र दिखाने पर सीमा पार आवागमन की पहले की तरह अनुमति होगी।