गुलाम नबी आजाद

Congress: इससे पहले गुलाम नबी आजाद(Gulam Nabi Azad) ने पार्टी की मौजूदा हालत पर कहा था कि, "हमारा ढ़ांचा कमजोर है, हमें ढ़ांचा पहले खड़ा करना पड़ेगा। फिर उसमें कोई भी नेता हो चलेगा। सिर्फ नेता बदलने से आप कहेंगे कि पार्टी बदल जाएगी, बिहार आएगा, मध्य प्रदेश(Madhya Pradesh) आएगा, उत्तर प्रदेश आएगा, नहीं वो सिस्टम से बदलेगा।"

Congress: कांग्रेस (Congress) पार्टी के अंदर चल रहे खींचतान के बीच गुलाम नबी आजाद (Ghulam Nabi Azad) ने जो बयान दिया है वह पार्टी के लिए चिंता बढ़ानेवाली है। गुलाम नबी आजाद के बयान की मानें तो पार्टी 72 साल के सबसे नीचले पायदान पर पहुंच गई है।

congress: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद (Ghulam Nabi Azad) कोरोना पॉजिटिव (Corona Positive) पाए गए हैं। खुद ट्वीट कर आजाद ने इस बात की पुष्टि की है। कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद गुलाम नबी आजाद होम क्वारंटीन हो गए हैं। उन्होंने अपने संपर्क में आने वाले लोगों से कोरोना टेस्ट कराने और अन्य एहतियात बरतने की सलाह दी है।

बता दें कि बीते दिनों में पार्टी के प्रदर्शन में लगातार गिरावट देखने को मिल रही है इसपर चिंता जताते हुए कपिल सिब्बल(Kapil sibbal), गुलाम नबी आजाद(Gulam Nabi Azad), आनंद शर्मा(Anand Sharma), मुकुल वासनिक, जितिन प्रसाद, शशि थरूर और मनीष तिवारी समेत कई नेताओं ने कांग्रेस नेतृत्व को स्वहस्ताक्षरित पत्र लिखा था।

गुलाम नबी आजाद (Ghulam Nabi Azad) सरीखे वरिष्ठ नेताओं से राहुल गांधी (Rahul Gandhi) इस चिट्ठी प्रकरण के बाद नाराज नजर आए थे। उसका असर भी इस नई टीम के गठन में साफ नजर आ रहा है।

आपको बता दें कि हाल ही में गुलाम नबी आजाद(Gulam Nabi Azaad) ने कांग्रेस(Congress) पार्टी में संगठन चुनाव कराने और इसी से अध्यक्ष चुनने की वकालत की थी। उन्होंने कहा था कि नियुक्त अध्यक्ष को एक प्रतिशत कार्यकर्ताओं का भी समर्थन प्राप्त नहीं होता है। 

लोकसभा में अधीर रंजन चौधरी(Adhir Ranjan Chaudhary) पार्टी के नेता, के. सुरेश चीफ व्हिप और केरल से सांसद मनिक्कम टैगोर एक अन्य डिप्टी व्हिप हैं। गौरव गोगोई(Gauurav Gogoi) भी अभी तक डिप्टी व्हिप थे जिनको अब उपनेता बना दिया गया है।

आजाद(Gulam Nabi Azad) उन लोगों की कड़ी आलोचना की, जो पार्टी में संगठन चुनाव कराए जाने पर विरोध किया है। उन्होंने कहा कि जो लोग वफादारी का दावा कर रहे हैं, वे वास्तव में सस्ती राजनीति कर रहे हैं और पार्टी और राष्ट्र के हितों के लिए हानिकारक हैं।

फिलहाल इस डैमेज को कंट्रोल करने के लिए बुलाई गई कांग्रेस(Congress) की कार्य समिति की बैठक में सोनिया गांधी(Sonia Gandhi) के जिम्मे ही निर्णय लेने की जिम्मेदारी छोड़ दी गई थी और यह भरोसा दिलाया गया कि अगले छह महीने के अंदर बहुत कुछ बदलेगा।

कांग्रेस वर्किंग कमेटी (CWC) की बैठक में राहुल गांधी (Rahul Gandhi) के बयान ने पार्टी के अंदर घमासान तेज कर दिया है। पार्टी के वरिष्ठ नेता कपिल सिब्बल (Kapil Sibal) इसको लेकर नाराज हैं तो वहीं रणदीप सिंह सुरजेवाला (Randeep Singh Surjewala) ने सिब्बल को झूठा करार दे दिया है।