चीन

चीन पर अक्सर कोरोना वायरस फैलाने का आरोप लगता रहा है और चीन दावा करता रहा है कि उसने कोई जानकारी नहीं छिपाई है। इसी बीच अब हॉन्ग-कॉन्ग की एक साइंटिस्ट ने आरोप लगाया है कि चीन को दरअसल इस बारे में पहले से पता था और विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी इस बारे में कुछ नहीं किया।

Quad मजबूत करने पर जोर देते हुए पूर्व विदेश सचिव और सेंटर फॉर पॉलिसी रिसर्च के सीनियर फेलो श्याम सरन का मानना है कि, Quad को मजबूत न करने से चीन को ही फायदा होगा।

सीमा विवाद के बीच अब चीन बैकफुट पर आ गया है। गलवान घाटी, हॉट स्प्रिंग्स इलाके को वह पहले ही खाली कर चुकी थी। अब चीनी सेना ने गुरुवार को गोगरा इलाके को भी खाली कर दिया है।

व्हाइट हाउस ने कहा है कि अमेरिका चीन के खिलाफ और कदम उठाने की तैयारी कर रहा है। हालांकि राष्ट्रपति के इन कदमों के बारे में कोई जानकारी नहीं दी गई।

पोम्पियो ने कहा, 'मैंने विदेश मंत्री एस जयशंकर से इस (चीन की आक्रामक गतिविधियों) के बारे में कई बार बात की है। चीन वालों ने अत्यंत आक्रामक गतिविधियां संचालित की हैं। भारतीयों ने उनका जवाब भी सर्वश्रेष्ठ तरीके से दिया है।'

चीन के प्रमुख अंग्रेजी अखबार ने कहा है कि अमेरिका अपना प्रभाव बढ़ा रहा है और दुनिया इसका खामियाजा भुगतेगी। अमेरिका उन तमाम देशों को अपना समर्थन दे रहा है जिनसे चीन का क्षेत्रीय विवाद रहा है।

गौरतलब है कि पूर्वी लद्दाख स्थित गलवान घाटी में दोनों देशों के सैनिकों के बीच 15-16 जून की दरमियानी रात हिंसक झड़प हो गई थी। इस झड़प में सेना के 20 जवान शहीद हो गए थे।

अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने जानकारी देते हुए कहा है कि अमेरिका ने चीनी कम्युनिस्ट पार्टी (सीसीपी) के उन अधिकारियों पर वीजा प्रतिबंध लगाने का फैसला किया है, जिन्होंने तिब्बत में विदेशियों के लिए नीतियों के निर्माण में काफी हद तक शामिल हैं।

भारत और चीन विवाद के बीच चीन के खिलाफ अब भारत को अमेरिका से सैन्य सहयोग मिलेगा। व्हाइट हाउस के एक शीर्ष अधिकारी ने सोमवार को कहा कि अमेरिकी सेना भारत और चीन के बीच या कहीं और भी संघर्ष के संबंध में उसके साथ ‘‘मजबूती से खड़ी रहेगी।’’

अमेरिका अब चीन के साथ अलग तरीके से पेश आएगा। अमेरिका की चीन को लेकर तैयारी कुछ बदलेगी ऐसा अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पिओ ने कहा है। पोम्पिओ ने कहा कि अमेरिका को चीन के साथ अब अलग तरीके से पेश आना होगा।