तिब्बत

600 से अधिक वर्षों से मौजूद दलाई लामा का वंश तिब्बती बौद्ध धर्म और संस्कृति का केंद्र है। तिब्बती बौद्धों का मानना है कि दलाई लामा उस शरीर को चुनने में सक्षम हैं, जिसमें उनका पुनर्जन्म होता है।

अमेरिकी राजनयिक द्वारा चीन को भारत में रह रहे तिब्बत के आध्यात्मिक गुरु दलाई लामा के साथ वार्ता की दी गई सलाह पर मंगलवार को तीखी प्रतिक्रिया देते हुए चीन ने अमेरिका से तिब्बत में दखल देना बंद करने के लिए कहा।

अस्पताल से जुड़े सूत्रों के अनुसार, दलाई लामा को स्वास्थ्य संबंधी कुछ दिक्कतें होने के कारण उन्हें दिल्ली के एक अस्पताल में जांच के लिए लाया गया।

अमेरिका ने चीन पर आरोप लगाया है कि वह कई तरह की बंदिशें थोपकर सुनियोजित तरीके से तिब्बत तक पहुंच बाधित कर रहा है। इसकी वजह से राजनयिक और विदेशी पत्रकार इस सुदूर हिमालयी क्षेत्र की यात्रा नहीं कर पा रहे हैं। अमेरिका की इस टिप्पणी पर चीन ने कड़ी प्रतिक्रिया जाहिर करते हुए चेतावनी दी कि उसके अंदरूनी मामलों में अमेरिका के दखल से द्विपक्षीय संबंधों पर असर पड़ेगा।

तिब्बती बौद्ध धर्मगुरू दलाई लामा का कहना है कि उनका उत्तराधिकारी भारत से हो सकता है। उन्होंने सोमवार को कहा कि उन्होंने अपनी आयु के 60 साल भारत में गुजारे हैं और यहीं से उनका उत्तराधिकारी हो सकता है। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि चीन द्वारा घोषित किए गए किसी भी उत्तराधिकारी को सम्मान नहीं मिलेगा।

नई दिल्ली। वर्ष 2018 में तीन करोड़ से ज्यादा पर्यटक तिब्बत पहुंचे। इसमें साल दर साल आधार पर 31.5 फीसदी...

नई दिल्ली। मानसून खत्म होने के बाद भी असम और अरुणाचल प्रदेश के कई हिस्से में बाढ़ की चपेट में...