तीन तलाक कानून

देश में भले ही तीन तलाक कानून (Triple Talaq) खत्म हो गया हो, मगर मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) की राजधानी की निवासी महिला को उसके एनआरआई पति ने फोन पर ही तीन बार तलाक कहकर तलाक दे दिया है।

पीएम के संसदीय क्षेत्र में शुक्रवार को मुस्लिम महिला मंच सहित कई मुस्लिम महिलाओं ने पीएम के द्वारा तीन तलाक को खत्‍म करने के लिए एक वर्ष होने पर अपनी शुभकामनाएं भी दीं।

मोदी सरकार ने पिछले साल तीन तलाक से जुड़े बिल को 25 जुलाई को लोकसभा में और 30 जुलाई को राज्यसभा में पास करवाया था। जिसके बाद एक अगस्त को राष्ट्रपति के हस्ताक्षर करने के बाद तीन तलाक कानून बन गया था।

मुख्तार अब्बास नकवी ने कहा है कि पिछले एक साल के दौरान 'तीन तलाक' या 'तिलाके बिद्दत' की घटनाओं में 82 प्रतिशत से ज्यादा की कमी आई है।

भारतीय राजनीति में इस साल कुछ घटनाएं ऐसी हुईं, जिनका जब भी जिक्र होगा तो 2019 की याद हमेशा आएगी। 2020 का स्वागत करने के साथ ही इन घटनाओं को भी याद करना जरूरी होगा। साल 2019 में एनडीए गठबंधन को फिर से केंद्र की सत्ता मिल गई लेकिन भाजपा के कई दिग्गज नेताओं को खोने का दुःख भी इस साल पार्टी के हिस्से में आया। पार्टी को इससे बड़ा झटका लगा।

जेके पुलिस के डीजीपी के मुताबिक साल 2019 में घाटी में 160 आतंकवादियों को मारा गया है। इस बीच आतंकी संगठन ज्वाइन करने वाले युवाओं की संख्या भी तेजी से घटी है।

राफेल विमान सौदे में भ्रष्टाचार, पुलवामा आतंकी हमले के बाद पाक अधिकृत कश्मीर में एयर स्ट्राइक को लेकर सरकार को घेरने की कवायद के बीच 2019 का लोकसभा चुनाव लड़ा गया और सारे दावों को धता बताते हुए मोदी 2.0 सरकार कहीं अधिक मजबूती के साथ केंद्र में आई।

साल 2019 में जब नरेंद्र मोदी सरकार प्रचंड बहुमत से आई तो उसके सामने सबसे बड़ी चुनौती देश की अर्थव्यवस्था को उबारने के रूप में थी।

साल 2019 में एनडीए गठबंधन को फिर से केंद्र की सत्ता मिल गई लेकिन भाजपा के कई दिग्गज नेताओं को खोने का दुःख भी इस साल पार्टी के हिस्से में आया।

साल 2019 को अलविदा कहने से पहले नरेंद्र मोदी सरकार के उन तीन बड़े फैसले और तीन बड़े विवाद को जानना जरूरी है।