दिल्ली पुलिस

Delhi Riots: वहीं अब दिल्ली दंगे (Delhi riot) को लेकर एक संस्था टीम भारत (TEAM BHARAT) ने सोशल मीडिया (Social Media) के जरिए जो खुलासा किया है वह और भी चौंकानेवाला है। इससे साफ पता चलता है कि किस तरह के इरादों के साथ इस पूरी साजिश के लिए चक्रव्यूह की रचना की गई। इसको लेकर टीम भारत (TEAM BHARAT) ने अपने ट्वीटर एकाउंट पर कई दावे तो किए ही हैं साथ ही कई स्क्रीनशॉट भी लगाए हैं जो इस पूरे घटनाक्रम की पोल खोलने के लिए सबूत के तौर पर काफी है।

Delhi police Special cell Report: दिल्ली दंगों (Delhi Riot) को लेकर रची गई साजिश को लेकर हर रोज नए खुलासे हो रहे हैं। इस दंगे की वजह से दिल्ली (Delhi) का जितना नुकसान हुआ है उसको लेकर खुलासा इस बात का भी हुआ है कि 2019 के चुनाव के बाद से ही इस दंगे को लेकर साजिश रची जा रही थी।

Delhi Riots: इस पूरी साजिश को अंजाम दिलाने में पिंजरा तोड़ ग्रुप की तरफ से की गई मदद के बारे में भी चार्जशीट(Chargesheet) में लिखा गया है। चार्जशीट में यह भी कहा गया है कि कैसे जहांगीरपुरी(Jahangir Puri) से 300 महिलाओं को पहले शाहीन बाग(Shaeen Bagh) धरने के लिए ले जाया जा रहा था

दिल्ली पुलिस (Delhi Police) की स्पेशल सेल (Special Cell) ने बुधवार को कड़कड़डूमा कोर्ट (Karkardooma Court) में फरवरी में हुई हिंसा के मामले में 15 आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की है।

राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली (Delhi) से एक बड़ी खबर सामने आई है जो कि बच्चों के माता-पिता को हैरत में डाल सकती है। दरअसल दिल्ली पुलिस (Delhi Police) ने बच्चों की तस्करी के आरोप में पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन (Old Delhi Railway Station) से 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

दिल्ली में फरवरी में हुए सांप्रदायिक हिंसा (Delhi Violence) के मामले में मुख्य आरोपी आम आदमी पार्टी (AAP) के निलंबित पार्षद ताहिर हुसैन (Tahir Hussain) को बड़ा झटका लगा है।

देश की राजधानी दिल्ली में आतंकी खतरा (Terrorist threat in Delhi) मंडरा रहा है। हाल ही उत्‍तर-पश्चिमी दिल्‍ली से स्‍पेशल सेल (Special Cell) ने दो आतंकियों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार (2 Terrorists Arrested) किया है।

राष्ट्रीय राजधानी में फरवरी में हुई हिंसा के दौरान दिल्ली पुलिस (Delhi Police) के हेड कांस्टेबल रतन लाल (Head Constable Rattan Lal) की गोली मारकर हत्या करने के मामले में नामजद दो आरोपियों को शहर की एक अदालत ने 'घोषित अपराधी' करार दिया है।

जांच में पता चला कि आरोपी महिला मंगोलपुरी(Mangolpuri),मादीपुर(Madipur) और निहाल विहार(Nihal vihar) जैसे इलाकों में जल्दी पैसा कमाने की चाहत में ड्रग्स सप्लाई करती है। महिला के माता पिता भी कुख्यात शराब तस्कर हैं जबकि उसकी 2 बहनें भी अवैध शराब के धंधे में हैं।

इस साल की शुरूआत में पूर्वोत्तर दिल्ली (Delhi) में हुए दंगों और हिंसा से जुड़े एक मामले में दिल्ली उच्च न्यायालय (Delhi High Court) ने मंगलवार को पिंजरा तोड़ (Pinjratod) की कार्यकर्ता देवांगना कालिता (Devangana Kalita) को जमानत दे दी।