नवाज शरीफ

Imran khan : विपक्षी दलों द्वारा इस्तीफा मांगे जाने पर इमरान खान(Imran Khan) ने कहा कि, मैं विपक्षी दलों की मांग पर इस्तीफा(Resignation) नहीं दूंगा क्योंकि मैं 17 मिलियन लोगों की ओर से चुने गए हैं।

इस बीच बीमारी को देखते हुए लाहौर उच्च न्यायालय(Lahore High Court) ने नवाज शरीफ(Navaj Sharif) को इलाज कराने के लिए चार सप्ताह के लिए विदेश जाने की अनुमति दी थी। विदेश जाते ही शरीफ के वकील ख्वाजा हरीस अहमद ने पिछले सप्ताह इस्लामाबाद उच्च न्यायालय में एक समीक्षा याचिका दायर कर दी थी।

शरीफ(Nawaz Sharif) को लेकर पाक सरकार(Pakistan Government ) ने ब्रिटिश सरकार को भी इस घटनाक्रम से दो मार्च को अवगत करा दिया था। इसके साथ ही उनके प्रत्यर्पण का अनुरोध भी किया गया है।

पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ (Nawaz Sharif) एक भगोड़ा हैं और उनके प्रत्यर्पण (Extradition) के लिए सरकार ने ब्रिटिश सरकार (UK Government) से सम्पर्क किया है।

पाकिस्तान के रेलमंत्री शेख राशिद ने शनिवार को दावा किया कि तत्कालीन प्रधानमंत्री नवाज शरीफ वर्ष 1998 में भारत के परमाणु परीक्षण के जवाब में परमाणु परीक्षण करने के खिलाफ थे।

लाहौर स्थित एक जवाबदेही अदालत ने पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की उस याचिका को स्वीकार कर लिया है, जिसमें उन्होंने चिकित्सा आधार पर चौधरी शुगर मिल (सीएसएम) भ्रष्टाचार मामले में अदालत में पेशी से छूट देने की मांग की थी।

मुशर्रफ को 31 मार्च, 2014 में दोषी पाया गया और उसी वर्ष सितंबर में अभियोजन ने विशेष अदालत के समक्ष पूरा सबूत पेश किया। हालांकि अपीलीय मंचों पर मुकदमा चलने की वजह से, मामला टलता गया और मुशर्रफ ने मार्च, 2016 में पाकिस्तान छोड़ दिया।

ब्रिटेन के अधिकारियों को लिखे पत्र में पाकिस्तानी सरकार ने कहा है कि शरीफ पाकिस्तान में विभिन्न मामलों में बहुत सारे आरोपों का सामना कर रहे हैं और उन्हें एक मामले में दोषी भी ठहराया गया है

लाहौर हाईकोर्ट ने पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ को उपचार के लिए चार सप्ताह के लिए विदेश यात्रा की अनुमति दे दी है और कहा कि यह अवधि चिकित्सा रिपोटरें के आधार पर बढ़ाई जा सकती है।

द एक्सप्रेस ट्रिब्यून के मुताबिक, पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के प्रमुख शहबाज शरीफ ने शुक्रवार को चेतावनी दी थी कि अगर उनके भाई को कुछ होता है तो वह इसके लिए प्रधानमंत्री खान को जिम्मेदार ठहराएंगे, क्योंकि उनका प्रशासन नो-फ्लाई लिस्ट से नवाज शरीफ का नाम हटाने में देरी कर रहा है।