नागरिकता संशोधन कानून

सूत्रों का कहना है कि आवेदन के प्रारूप में बदलाव के बाद अप्रैल-मई से पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश से आए हुए प्रताड़ित अल्पसंख्यकों को नागरिकता मिल सकेगी। हालांकि यहा बताना जरूरी है कि गृह मंत्रालय 20 दिसंबर 2019 को पाकिस्तान से आए सात शरणार्थियों को नागरिकता देकर अधिनियम को प्रतीकात्मक रूप से लागू कर चुका है।

कांग्रेस नेताओं का एक प्रतिनिधिमंडल दिल्ली के हिंसा प्रभावित इलाकों के दौरे पर है। कांग्रेस नेता राहुल गांधी भी इस प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा हैं।

दिल्ली पुलिस कमिश्नर एस.एन.श्रीवास्तव, विशेष आयुक्त सतीश गोलचा ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को राष्ट्रीय राजधानी की मौजूदा स्थिति से अवगत कराया।

सुप्रीम कोर्ट ने 22 जनवरी को सीएए पर रोक लगाने से इनकार कर दिया था। कोर्ट ने कहा था कि इस मामले पर पांच जजों की बेंच सुनवाई करेगी।

शाहरुख के खिलाफ दिल्ली के जाफराबाद इलाके में भड़की हिंसा के दौरान 24 फरवरी को पुलिस के सामने आठ राउंड फायरिंग का आरोप है। मालूम हो कि जाफराबाद में सीएए विरोधी पत्थरबाजों को दौड़ाने के दौरान कर्दमपुरी मेन रोड निवासी शाहरुख ने पुलिसकर्मी के सीने पर पिस्टल तान दी थी।

लगातार मिल रही धमकियों के बाद दिल्ली में भाजपा के नेता कपिल मिश्रा को वाई प्लस कैटेगरी की सुरक्षा दी गई है। इसके तहत कपिल मिश्रा के साथ 24 घंटे 6 जवान तैनात रहेंगे। दिल्ली पुलिस मुख्यालय के मुताबिक कपिल मिश्रा को यह सुरक्षा उन्हें मिली धमकी के आधार पर दी गई है।

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ से एक वीडियो वायरल हो रहा है। जिसमें एक मुस्लिम महिला अपने पति पर आरोप लगा रही है कि पति ने उसे नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) विरोधी प्रदर्शनों में शामिल होने पर मजबूर किया।

आध्यात्मिक गुरु श्री श्री रविशंकर ने रविवार को उत्तर-पूर्वी दिल्ली में दंगा पीड़ितों से मुलाकात करते हुए कहा कि सरकारी मुआवजा पर्याप्त नहीं है और आत्मविश्वास को बहाल करना ही होगा।

अमित शाह ने कहा, बंगाल में जब हम प्रचार करने आए थे हमें यात्रा नहीं निकालने दी,कार्यकर्ताओं पर लाठियां चलाईं, 40 से ज्यादा कार्यकर्ताओं की जान चली गई।मगर ममता दी ये सब करके आप हमें रोक पाई हो क्या! जितना ज़ुर्म करना है कर लो बंगाल की जनता अब आपको जान चुकी है।

दिल्ली के शाहीन बाग में नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शनों के बीच रविवार को धारा 144 लागू कर दी गई है। शाहीन बाग में दिल्ली पुलिस ने नोटिस जारी कर कहा है कि इस क्षेत्र में न इकट्ठे हों, न ही प्रदर्शन करें। इस आदेश को न मानने वालों के खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जाएगी।