नागरिकता संशोधन विधेयक 2019

जामिया में पुलिस की कार्यवाही को मुद्दा बनाने की कोशिश में जुटे मानवाधिकार संगठनों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और वकीलों को बड़ा झटका लगा है। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में साफ चेतावनी दी है। सुप्रीम कोर्ट मंगलवार को इस मामले की सुनवाई करेगा मगर साथ ही सर्वोच्च अदालत ने साफ कर दिया है कि अगर हिंसा और सार्वजनिक संपत्ति का नुकसान जारी रहा तो वह सुनवाई नहीं करेगी।

नागरिकता संशोधन अधिनियम (सीएए) विधयेक के विरोध के नाम पर हो रही हिंसा की आग अब उत्तर प्रदेश तक पहुंच गई है। इसके मद्देनजर प्रदेश सरकार ने अलीगढ़, सहारनपुर, कासगंज और मेरठ समेत अन्य कई जिलों में एहतियात के तौर पर धारा 144 लागू कर दी हैं। इन जिलों की इंटरनेट सेवा भी बाधित है।

केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने नागरिक संशोधन कानून को भारत सरकार की अहम उपलब्धि बताते हुए कहा कि मोदी सरकार की स्पष्ट नीति के कारण ही नागरिक संशोधन विधेयक संसद में पारित हो सका है।

नागरिकता संशोधन विधेयक (सीएबी) के खिलाफ बुधवार को युवा कांग्रेस के प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज के खिलाफ 24 घंटे के बुलाए गए बंद का गुरुवार को कुछ खास असर नहीं दिखा।

संजय राउत ने कहा कि इस देश से घुसपैठियों को बाहर निकलाना चाहिए, पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों का हनन हुआ है. जिन लाखों-करोड़ों को यहां पर ला रहे हैं, तो क्या उन्हें वोटिंग का हक मिलेगा अगर इन्हें 20-25 साल वोटिंग का हक नहीं मिलता है तो बैलेंस रहेगा।

संयुक्‍त राष्‍ट्र ने भारत के नागरिकता संशोधन विधेयक 2019 को लेकर कोई भी टिप्‍पणी करने से इनकार कर दिया है। यूएन ने यह कहा कि संस्‍था की एकमात्र चिंता यह सुनिश्चित करना है कि सभी देश की सरकारें गैर-भेदभावकारी कानून बनाएं।

लोकसभा में नागरिकता संशोधन विधेयक 2019 पास होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गृहमंत्री अमित शाह की तारीफ की। प्रधानमंत्री मोदी ने ट्वीट कर कहा कि अमित शाह ने लोकसभा में नागरिकता संशोधन विधेयक 2019 के बारे में विस्तार से बताया। मैं इसके लिए अमित शाह की तारीफ करना चाहूंगा।

विपक्ष के विरोध के बावजूद सोमवार देर रात को लोकसभा में नागरिकता संशोधन बिल पास कर दिया गया। करीब 7 घंटे तक चली तीखी बहस के बाद ये बिल पास हुआ, जिसे मोदी सरकार की बड़ी कामयाबी मानी जा रही है।