निर्भया

निर्भया के साथ एकजुटता दिखाने और सात साल बाद उसे मिले न्याय को लेकर खुशी जाहिर करने के लिए कोविड-19 संक्रमण का भय भी तिहाड़ के बाहर लोगों को इकट्ठा होने से नहीं रोक सका। निर्भया सामूहिक दुष्कर्म और हत्याकांड के चारों दोषियों को तिहाड़ जेल में शुक्रवार सुबह ठीक 5.30 बजे फांसी दे दी गई।

वकील ए. पी. सिंह ने मृतक दोषी राम सिंह की ओर से राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग का दरवाजा खटखटाया और जेल में राम सिंह की मौत के लिए उसके नाबालिग बेटे को मुआवजे प्रदान कराने की मांग की।

निर्भया के गुनहगारों की फांसी का दिन नजदीक आ रहा है। दिल्‍ली कोर्ट के द्वारा जारी डेथ वारंट के अनुसार इन सभी दोषियों को तिहाड़ जेल में 20 मार्च को फांसी होनी है।

निर्भया के दोषी मौत के मुंह में पहुंच चुके हैं। मगर पैंतरे चलने से बाज नहीं आ रहे हैं। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट उनका अंतिम डेथ वारंट जारी कर चुकी है।

निर्भया के गुनहगार के होश फाख्ता हैं। जैसे-जैसे फांसी का वक्त नजदीक आ रहा है उनकी घबराहट बढ़ती जा रही है। निर्भया का गुनाहगार अक्षय अपशब्द बकने लगा है।

निर्भया सामूहिक दुष्कर्म और हत्या मामले में चार दोषियों की फांसी की सजा पर अनिश्चितकालीन रोक को चुनौती देने वाली केंद्र सरकार की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट ने रविवार को अपना फैसला सुरक्षित कर लिया।

निर्भया के गुनहगार अपनी फांसी टलवाने की खातिर कानून से खिलवाड़ कर रहे हैं। वे अपने पास मौजूद विकल्पों का इस तरह इस्तेमाल कर रहे हैं कि फांसी में लगातार देरी होती जाए।

अब निर्भया के दोषी मुकेश के सभी कानूनी विकल्प खत्म हो चुके हैं। हालांकि दूसरे दोषियों के कानूनी विकल्प खत्म होने तक उसकी फांसी भी रुकी रह सकती है, क्योंकि चारो दोषियों को एक साथ फांसी दी जाएगी।

एक बार फिर से निर्भया केस में दोषियों की फांसी टल गई है। इन दोषियों को कल(1 फरवरी को) फांसी होनी थी। इस मामले में इससे पहले पटियाला हाउस कोर्ट ने निर्भया के दोषियों की फांसी पर डेथ वारंट जारी किया था।

एक बार फिर से निर्भया केस में दोषियों की फांसी टल गई है। पहले इस मामले में पटियाला हाउस कोर्ट ने निर्भया के दोषियों की फांसी पर डेथ वारंट जारी किया था।