पुलवामा आतंकी हमला

भारत (India) ने पुलवामा आतंकी हमले (Pulwama Terror Attack) की जिम्मेदारी लेने से बचने के लिए पाकिस्तान को एक बार फिर जमकर खरी खोटी सुनाई है।

पुलवामा में हुए आतंकी हमले (Pulwama Terror Attack) के मामले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद (जेएम) प्रमुख मसूद अजहर (Masood Azhar) और उसके भाई अब्दुल रऊफ असगर (Abdul Rauf Asghar) को आरोपी बनाया है।

एनआईए 14 फरवरी 2019 को हुए पुलवामा हमले की जांच कर रही है। जांच के दौरान पहले ही इस मामले में कई आरोपियों को पकड़ा जा चुका है।

आपको बता दें कि पुलवामा आतंकी हमले के बाद भारत ने बालाकोट में एयर स्ट्राइक की थी। वायुसेना ने बालाकोट स्थित पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन जैश ए मोहम्मद के अड्डों को तबाह कर दिया था।

जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में सुरक्षाबलों ने एक बहुत बड़ी साजिश नाकाम की है। 50 किलो वाले इस बारूदी प्लान पर बहुत बड़ी खबर आ रही है।

जेके पुलिस के डीजीपी के मुताबिक साल 2019 में घाटी में 160 आतंकवादियों को मारा गया है। इस बीच आतंकी संगठन ज्वाइन करने वाले युवाओं की संख्या भी तेजी से घटी है।

राफेल विमान सौदे में भ्रष्टाचार, पुलवामा आतंकी हमले के बाद पाक अधिकृत कश्मीर में एयर स्ट्राइक को लेकर सरकार को घेरने की कवायद के बीच 2019 का लोकसभा चुनाव लड़ा गया और सारे दावों को धता बताते हुए मोदी 2.0 सरकार कहीं अधिक मजबूती के साथ केंद्र में आई।

साल 2019 में जब नरेंद्र मोदी सरकार प्रचंड बहुमत से आई तो उसके सामने सबसे बड़ी चुनौती देश की अर्थव्यवस्था को उबारने के रूप में थी।

साल 2019 में एनडीए गठबंधन को फिर से केंद्र की सत्ता मिल गई लेकिन भाजपा के कई दिग्गज नेताओं को खोने का दुःख भी इस साल पार्टी के हिस्से में आया।

साल 2019 को अलविदा कहने से पहले नरेंद्र मोदी सरकार के उन तीन बड़े फैसले और तीन बड़े विवाद को जानना जरूरी है।