फारूक अब्दुल्ला

Farooq Abdullah: जांच एजेंसी ईडी(ED) ने दावा किया है कि उसकी जांच से यह पता चला कि 2005-06 से दिसंबर 2011 के दौरान, JKCA को BCCI से 109.78 करोड़ रुपये की राशि हासिल हुई।

जम्मू-कश्मीर (Jammu-Kashmir) के रोशनी जमीन घोटाले (Roshni Land Scam) में हर रोज एक के बाद एक बड़े खुलासे हो रहे है। 25 हजार करोड़ के इस जमीन घोटाले में कई पार्टी के बड़े राजनेताओं और नौकरशाहों के शामिल होने की जानकारी सामने आई है। 

Jammu & Kashmir: गुपकार गठबंधन (Gupkar Alliance) के बावजूद इनके घटक दलों ने एक दूसरे को नुकसान पहुंचाने के लिए कई सीटों पर डमी उम्मीदवार भी खड़े किए हैं। यही नहीं कांग्रेस (Congress) ने तो कई सीटों पर सभी पार्टियों के खिलाफ अपने उम्मीदवार उतारने की घोषणा की है।

Article 370: लोगों को संबोधित करते हुए उमर अब्दुल्ला(Umar Abdullah) ने क्षेत्र में विकास कार्यों पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि 'कहा हैं विकास कार्य? ऐसे कामों के शुरू होने के लिए एक साल तीन महीने का वक्त काफी होता है।'

Jammu & Kashmir: देश के पूर्व नौकरशाह, सैन्य अधिकारियों, शिक्षाविदों समेत अन्य लोगों ने गुपकर फैसले पर विरोध दर्ज किया है। कंर्सनेड ग्रुप ऑफ इंडिया के बैनर तले 250 से अधिक लोगों ने समर्थन करते हुए हस्ताक्षर भी किए हैं। इस पत्र के माध्यम से अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के नाम पर देश के खिलाफ साजिश रचने का आरोप लगाया गया है।

Pulwama Attack: पाकिस्तान (Pakistan) के खिलाफ उरी हमले के बाद भारत ने सर्जिकल स्ट्राइक (Surgical Strike) और पुलवामा आतंकी हमले (Pulwama Attack) के बाद एयर स्ट्राइक कर उसके अंदर कितना खौफ भर दिया है यह वहां के सांसदों के संसद में दिए गए बयान से स्पष्ट हो गया है।

Farooq Abdullah: परंपरागत पठानी सूट पहने फारूक अब्दुल्ला(Farooq Abdullah) कोरोना(Corona) महामारी को देखते हुए फेसगार्ड और मास्क भी लगाए नजर आए। उन्होंने लोगों से सार्वजनिक जगहों पर सोशल डिस्टेंशिंग के नियमों का पालन करने की अपील भी की।

Farooq Abdulla: संसद सत्र(Parliament Session) के दौरान फारूक अब्दुल्ला(Farooq Abdulla) ने कहा था कि कश्मीर(Kashmir) में अभी भी हालात बेहतर नहीं हुए हैं। बाकी देश में इंटरनेट 4जी(4G) इस्तेमाल कर रहे हैं, 5जी आने वाला है, लेकिन कश्मीर मे हाल ये है कि वहां पर अब भी लोग 2जी पर निर्भर हैं।

J&K Article 370: धारा 370 (Article 370) को निरस्त हुए एक साल से ज्यादा का वक्त गुजर गया है तो अब फारूक अब्दुल्ला (Farooq Abdullah) एक बार फिर से इसे घाटी में लागू करने का राग संसद में भी अलापने लगे हैं। इस बिल को लेकर संसद में बोलते हुए फारूक अब्दुल्ला इतने गुस्से में नजर आए कि उन्होंने सदन में अपने संबोधन में अपशब्द कह दिया जिसके बाद उनका जमकर विरोध हुआ और संसद की कार्रवाई से उस शब्द को निकाल दिया गया।

उमर अब्दुल्ला को 5 अगस्त को अनुच्छेद 370 हटाने के बाद से हिरासत में लिया गया है। इस बीच उमर अब्दुल्ला की कुछ तस्वीरें भी सामने आई। इन तस्वीरों में उनका अलग ही रूप निकल कर सामने आया।