फास्ट ट्रैक कोर्ट

योगी सरकार के नए आदेश के तहत पूरे प्रदेश में 218 फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाए जाएंगे। मासूमों के साथ दुष्कर्म के मामलों में इंसाफ के लिए पॉक्सो एक्ट से जुड़ी सुनवाई के लिए 74 नए कोर्ट बनेंगे। साथ ही 144 फास्ट ट्रैक कोर्ट ऐसे होंगे जिनमें रेप के मामले की सुनवाई होगी।

इस समिट का दायरा अंतरराष्ट्रीय होगा। इसमें श्रीलंका और नेपाल के विशेषज्ञ शामिल होंगे। बिहार के उपमुख्यमंत्री और संस्कृति मंत्री भी यहां पहुचेंगे। यूपी का संस्कृति विभाग इस अवध-मिथिला समिट का आयोजन करेगा। 14 दिसंबर को को विधानसभा अध्यक्ष  हृदय नारायण दीक्षित समिट का उदघाटन करेंगे।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई बैठक में फैसला लिया गया है कि, 218 नए फास्ट ट्रैक कोर्ट बनेंगे। इनमें से 144 कोर्ट में सिर्फ रेप से जुड़े मामले की सुनवाई होगी और बाकी बचे 74 कोर्ट में पॉक्सो एक्ट वाले केस सुने जाएंगे।

पीड़िता की बहन ने कहा कि अगर एक हफ्ते में आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो मुख्यमंत्री आवास के सामने आत्मदाह करूंगी। बता दें कि पीड़ित परिवार को 25 लाख रुपये दिए गए हैं।

यूपी में योगी सरकार बलात्कार की घटनाओं को लेकर बेहद सख्त हो गई है। यूपी पुलिस की ओर से गैंगरेप के नाबालिग पीड़ितों की सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। इतना ही नहीं बल्कि जमानत पर रिहा बलात्कार के आरोपियों की निगरानी भी की जा रही है।

प्रियंका गांधी के साथ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रमोद तिवारी और प्रदेश अध्यक्ष अजय सिंह भी नजर आ रहे हैं। प्रियंका गांधी परिवार से मिलने उनके घर के अंदर गई हैं। वे परिजनों से अकेले में मुलाकात कर यह जानना चाहती हैं कि परिवार अब क्या चाहता है।

पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता की एक अदालत ने एक अधेड़ कुकर्मी को 10 की सज़ा सुनाई है। पर इसमे कुल 5 साल लग गए। ये दुष्कर्म साल 2014 में हुआ था।

अखिलेश यादव ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि देश हैदराबाद की घटना को लेकर गुस्से में था। खासकर बहनें और माताएं। और उसके बाद उन्नाव की घटना उसी तरह से हुई। उन्नाव की घटना बीजेपी सरकार में पहली नहीं है।

सीएम योगी ने इस घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है, साथ ही कहा है कि यह घटना दुखद है। सीएम योगी ने कहा है कि सभी आरोपी पकड़े जा चुके हैं, उन्हें जल्द सजा दिलाई जाएगी। साथ ही सीएम योगी ने पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना जताई है।

यहां अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में स्थापित विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट में न्यायाधीश ने बुधवार को उन्नाव दुष्कर्म पीड़िता का बयान दर्ज किया।