भारतीय रेलवे

लॉकडाउन से पहले जिन लोगों ने काउंटर पर यानी ऑफलाइन ट्रेनों के टिकट बुक करवाए थे और उनका टिकट कैंसिल हो गया था, उन्हें आज से रेलवे काउंटर्स पर पैसा वापस मिल रहा है। रेलवे 22 मार्च से 30 जून के बीच रिजर्वेशन काउंटर से बुक कराए गए टिकटों के रिफंड आज यानी सोमवार से दे रहा है।

भारतीय रेलवे ने रविवार को दावा किया कि उसने 2,813 श्रमिक विशेष ट्रेनें चलाई हैं, जिससे अब तक 37 लाख से अधिक यात्रियों को भेजा गया है।

उन्होंने कहा कि गुरुवार तक रेलवे ने 2,317 श्रमिक स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया है और देश भर में 31 लाख से अधिक लोगों को उनकी मंजिल तक पहुंचाया है। रेलवे ने कई शहरों में 15 जोड़ी विशेष वातानुकूलित ट्रेनों का संचालन भी शुरू कर दिया है।

लॉकडाउन की वजह से देश के विभिन्न हिस्सों में फंसे प्रवासी मजदूरों के लिए चलाये जा रहे श्रमिक स्पेशल ट्रेन की जैसे-जैसे मांग बढ़ रही है, वैसे-वैसे रेलवे के लिए यात्री डिब्बों का जुटाना मुश्किल हो रहा है।

भारतीय रेलवे ‘मेक इन इंडिया’ के सपने को सच करने में जुटा है, इस कड़ी में बिहार के मधेपुरा रेल कारखाने के देश का सबसे शक्तिशाली एसी इलेक्ट्रिक इंजन बनकर निकला है।

रेलवे ने 1 जून से चलने वाली 200 पैसेंजर ट्रेनों की लिस्ट जारी कर दी है। इनके लिए टिकट की बुकिंग गुरुवार सुबह 10 से शुरू होगी। टिकट की बुकिंग केवल आइआरसीटीसी की वेबसाइट या एप से ही होगी। कोई भी स्टेशन काउंटर नहीं खुलेगा।

भारतीय रेलवे लगातार लोगों से जुड़ने के लिए एक्सपेरिमेंट करती रहती है। जिससे कि यात्रा करने वाले लोगों का सफर अच्छा रहे।

बंगाल की खाड़ी से उठ रहे चक्रवात ने रफ्तार पकड़ ली है। यह 200 किमी की रफ्तार से आगे बढ़ रहा है। इस भीषण चक्रवात को देखते हुए महाराष्ट्र सरकार ने ऐलान किया है कि महाराष्ट्र से ओडिशा और पश्चिम बंगाल की ओर चलाई जा रही श्रमिक स्पेशल ट्रेनों को 21 मई तक के लिए रद्द कर दिया है।

बंगाल की खाड़ी से उठ रहे चक्रवात 200 किमी की रफ्तार से अपने केंद्र से आगे बढ़ रहा है। जिसके चलते सभी AC स्पेशल ट्रैन कैंसिल कर दी गई हैं। इस चक्रवात के कारण ओडिशा से चलने वाली सभी श्रमिक स्पेशल ट्रेनों को रद्द कर दिया गया है। इसी कड़ी में रेलवे ने हावड़ा से दिल्ली रूट पर चलने वाली एक एसी स्पेशल को भी कैंसिल कर दिया है।

आदित्यनाथ के साथ रेलमंत्री की टेलीफोन पर हुई बातचीत के दौरान देश के कई हिस्सों में फंसे हुए प्रवासी कामगारों के परिवहन के लिए श्रमिक स्पेशल ट्रेनों की संख्या को दोगुना करने पर चर्चा हुई।