मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे

नामांकन दाखिल होने के बाद शिवसेना सांसद संजय राउत ने कहा, "नौ एमएलसी सीटों पर चुनाव निर्विरोध होगा। हमने कांग्रेस नेतृत्व के साथ चर्चा की कि यह चुनाव का समय नहीं बल्कि कोविड-19 महामारी से मुकाबला करने का समय है। उन्होंने हमारे अनुरोध का सम्मान किया और अपने दूसरे उम्मीदवार को वापस ले लिया।"

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में बुलंदशहर जिले के पगोना गांव स्थित एक शिव मंदिर के भीतर दो संतों की हत्या कर दी गई। जब लोग मंगलवार सुबह मंदिर पहुंचे और खून से लथपथ शवों को देखा, तब उन्हें हत्याकांड का पता चला। खबरों के मुताबिक, मृतकों की पहचान जगनदास (55) और सेवादास (35) के रूप में हुई है।

उद्धव ठाकरे ने 28 नवंबर 2019 को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली थी। संविधान के तहत उन्हें 28 मई 2020 तक किसी सदन का सदस्य बनना जरूरी है। कोरोनावायरस महामारी के कारण हालांकि सभी चुनाव स्थगित हैं ऐसे में राज्य मंत्रिमंडल ने 9 अप्रैल को उन्हें राज्यपाल कोटे से विधान परिषद में नामित किए जाने की सिफारिश की थी।

उद्धव ठाकरे ने यह भी बताया कि जो भी पॉजिटिव मरीज मिल रहे है उनमें कोरोना पॉजिटिव बहुत कम और सौम्य लक्षण वाले ही मिले हैं। बहुत बार ऐसा भी हुआ है कि पहले ये मरीज पॉजिटिव आये है और बाद में निगेटिव। 70 से 75 प्रतिशत सौम्य लक्षण वाले मरीज है। हम गंभीरता से सभी चीज़ों पर नज़र रख रहे है।

पंजाब और ओडिशा के बाद महाराष्ट्र ऐसा आदेश जारी करने वाला तीसरा राज्य बन गया है। उद्धव ठाकरे ने कहा लॉकडाउन पर अगला निर्णय 30 अप्रैल के बाद ही लिया जाएगा।

शिशु के पिता वी सिंह ने आईएएनएस से को बताया कि शिशु 26 मार्च की रात चेम्बुर के एक अस्पताल में पैदा हुआ, जहां इलाजरत एक मरीज बाद में कोरोना पॉजिटिव पाया गया।

शिवसेना प्रवक्ता व सांसद संजय राउत, मुख्यमंत्री के आगमन कार्यक्रम को लेकर अयोध्या में पहले से हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आह्वान के बाद भीड़भाड़ वाले कार्यक्रमों को रद्द किया गया है। मुख्यमंत्री योगी ने भी भीड़भाड़ वाले कार्यक्रमों से बचने की अपील की थी।

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे की पत्नी रश्मि ठाकरे को रविवार को 'सामना' समूह का नया संपादक नियुक्त किया गया है। प्रबोधन प्रकाशन द्वारा संचालित समूह में प्रमुख रूप से दैनिक समाचार पत्र 'सामना' और 'दोपहर का सामना' हैं जिन्हें शिवसेना का आधिकारिक प्रकाशन माना गया है।

गठबंधन सहयोगियों के बीच मतभेद की खबरों पर उद्धव ठाकरे ने कहा कि, "सहयोगियों के साथ कोई मतभेद नहीं, हम महाराष्ट्र सरकार पांच साल तक चलाने वाले हैं।"

हिंदुत्व के मुद्दे पर बीजेपी महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे पर लगातार वार कर रही है। बीजेपी के वार से घबराए उद्धव ठाकरे ने हिंदुत्व को लेकर बड़ा बयान दिया है। सामना को दिए इंटरव्यू में सीएम उद्धव ठाकरे ने खुद के अभी भी हिंदुत्ववादी होने का दावा किया।