मुख्यमंत्री नीतीश कुमार

आपदा प्रबंधन विभाग के एक अधिकारी ने शनिवार को बताया कि राज्य में पिछले 24 घंटे के दौरान आसमान से बिजली गिरने से 15 लोगों की मौत हो गई। वैशाली में छह, लखीसराय में दो, समस्तीपुर में तीन तथा गया, बांका, नालंदा और जमुई जिले में एक-एक व्यक्ति की मौत वज्रपात की चपेट में आने से हो गई।

प्रधानमंत्री मोदी ने 50 हजार करोड़ रुपये की लागत वाली गरीब कल्याण रोजगार अभियान का शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेन्स के जरिए शुभारंभ किया।

गोपालंगज में तीन लोगों की हत्या के मामले में आरोपी विधायक पप्पू पांडेय की गिरफ्तरी की मांग को लेकर विधायकों के साथ शुक्रवार को तेजस्वी गोपालगंज के लिए निकले, लेकिन पुलिस प्रशासन ने उन्हें प्रवेश द्वार पर रोक दिया। पुलिस के एक अधिकारी ने कहा कि गोपालगंज जाने की अनुमति नहीं दी गई है।

इसके साथ ही कुमावत बिहार लोक प्रशासन एवं ग्रामीण विकास संस्थान के महानिदेशक के अतिरिक्त प्रभार की जिम्मेदारी भी संभालेंगे। हालांकि कुमावत जांच आयुक्त सामान्य प्रशासन विभाग, बिहार तथा अपर सदस्य, राजस्व पर्षद के अतिरिक्त प्रभारों से मुक्त हो जाएंगे।

कुल नौ राज्यों के 12 शहरों में बिहार सरकार 55 राहत केंद्र चला रही है। 25 लाख प्रवासी बिहारियों ने मदद के लिए आवेदन दिया है। 12.35 लाख लोगों को खाना खिलाया जा रहा है, 16 लाख प्रवासी मजदूरों के खाते में एक-एक हजार रुपये भेजे जा चुके हैं। मुख्यमंत्री राहत कोष से 250 करोड़ रुपये प्रवासी मजदूरों की सहायता के लिये जारी किया गया है।

बिहार में विपक्षी महागठबंधन से नाराज से चल रहे प्रमुख घटक दल हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा (हम) के प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने मंगलवार की रात मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के जन्मदिन पर राज्य में विकास के लिए उनके द्वारा उठाए गए कदमों के लिए उनकी प्रशंसा की। मोदी की यह प्रशंसा बिहार विधानसभा में राष्ट्रीय नागरिक रजिस्टर (एनआरसी) को राज्य में लागू नहीं करने का प्रस्ताव पारित करने के कुछ ही दिनों बाद आई है।

बिहार विधानसभा के बजट सत्र के चौथे दिन गुरुवार को जाति आधारित जनगणना कराने के पक्ष में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर दिया गया। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार प्रारंभ से ही जाति आधारित जनगणना कराने की वकालत करते रहे हैं।

बिहार में इस साल के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव में अभी सात से आठ महीने का समय बाकी है, मगर सभी राजनीतिक पार्टियां अभी से 'चुनावी मोड' में आ गई हैं। ये पार्टियां चुनावी पिच का मुआयना करने के लिए अपने दिग्गज खिलाड़ियों को मैदान में उतार रही हैं।

बिहार में राजनीतिक दलों द्वारा प्रारंभ 'पोस्टर वार' थमने का नाम नहीं ले रहा है। पटना की सड़कों पर सोमवार को एक बार फिर राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी प्रसाद यादव के बेरोजगारी हटाओ यात्रा पर कटाक्ष करते हुए पोस्टर लगाए गए हैं।