राफेल लड़ाकू विमान

सीमा विवाद के बीच राफेल लड़ाकू विमानों की पहली खेप भारत पहुंच गई हैं। हरियाणा के अंबाला एयरबेस में बुधवार को राफेल विमान लैंड हुए, जहां उनका स्वागत वाटर सैल्यूट के साथ किया गया।

राजनाथ सिंह ने कहा कि, भारत में राफेल लड़ाकू विमानों का आना हमारे सैन्य इतिहास में एक नए युग की शुरुआत है। ये मल्टीरोल विमान भारतीय वायुसेना की क्षमताओं में क्रांतिकारी बदलाव लाएंगे।

उन्होंने कहा कि जो लोग रोज सुबह उठकर कभी सेना का मनोबल गिराते हैं, कभी देश के सम्मान और स्वाभिमान को आहत करते हैं, अच्छा होगा अगर ऐसे लोग किसी दूसरे देश की नागरिकता ले लें।

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा, 'हमने कोविड-19 की स्थिति पर भी बात की। दोनों देश इस महामारी से मिलकर कैसे लड़ सकते हैं, इस पर भी हमारे बीच वार्ता हुई।'

बता दें कि 15 जून को हुई हिंसक झड़प में भारतीय सेना के कमांडिंग ऑफिसर संतोष बाबू समेत 20 सैनिक शहीद हो गए थे। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, चीन के भी 43 सैनिक मारे गए थे।

भारत को अभी तक तीन राफेल विमान फ्रांस की तरफ से मिल चुके हैं। ये खबर पाकिस्तान के होश उड़ा देगी।  रक्षा मंत्रालय के मुताबिक अब तक तीन राफेल विमान भारत को हैंड ओवर किए जा चुके हैं।

इससे पहले राहुल गांधी फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मेक्रां के साथ बातचीत की झूठी कहानी भी गढ़ चुके थे। राहुल गांधी ने कहा था कि मोदी सरकार गोपनीयता की आड़ लेकर राफेल विमान सौदे की कीमत नहीं बता रही है

भारत के मीडियम मल्टी रोल कॉम्बैट एयरक्राफ्ट के सौदे के लिए दसॉ ने अपने राफेल जेट का 28 अगस्त, 2007 को दावा किया था। उस समय दसॉ ने भारत में निजी पार्टनरशिप के लिए टाटा ग्रुप के साथ बातचीत शुरू की थी।

राहुल गांधी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस जोसेफ ने फैसला सुनाते हुए राफेल घोटाले की जांच के दरवाजे खोल दिए हैं। लिहाजा अब इस मामले की जांच पूरी गंभीरता से होनी चाहिए।

मोदी सरकार ने पिछली यूपीए सरकार की 126 राफेल खरीदने की प्रतिबद्धता से पीछे हटकर कहा कि डबल इंजन वाले विमान बहुत महंगे होंगे और यह समझौता भारत और फ्रांस के बीच लगभग एक दशक लंबी वार्ता के बाद हुआ।