राहुल गांधी

APMC ACT: कृषि उपज मंडी एक्ट (APMC) में बदलाव का कांग्रेस पार्टी (Congress Party) विरोध कर रही है हालांकि इसका विरोध केवल कांग्रेस ही नहीं कर रही बल्कि एनडीए (NDA) के कई सहयोगी दल भी इस बिल का विरोध कर रहे हैं। लेकिन कांग्रेस (Congress) का यह विरोध कर अपने ही जाल में फंसती नजर आ रही है।

गुलाम नबी आजाद (Ghulam Nabi Azad) सरीखे वरिष्ठ नेताओं से राहुल गांधी (Rahul Gandhi) इस चिट्ठी प्रकरण के बाद नाराज नजर आए थे। उसका असर भी इस नई टीम के गठन में साफ नजर आ रहा है।

राहुल गांधी(Rahul Gandhi) ने कहा कि, "लॉकडाउन के बाद खुलने का समय आया, आप देखिए कांग्रेस(Congress) पार्टी ने एक बार नहीं अनेक बार सरकार से कहा, गरीबों की मदद करनी ही पड़ेगी, न्याय योजना जैसी एक योजना लागू करनी पड़ेगी, बैंक के अकाउंट में सीधा पैसा डालना पड़ेगा, लेकिन सरकार ने नहीं किया।"

एक यूजर ने लिखा कि, "अगर तुम्हें जीडीपी(GDP) और देश की सुरक्षा का ज्ञान पहले से होता तो २०१४(2014 Loksabha Election) में जनता को तुम्हें सत्ता से फैंकने की जरूरत न पड़ती समझ रहे हो ना ???? "

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय प्रवक्ता संबित पात्रा (Sambit Patra) ने कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी (Rahul Gandhi) पर पलटवार करते हुए करारा जवाब दिया है।

कभी राहुल गांधी(Rahul Gandhi) के खास दोस्तों में रहे भाजपा के राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया(Scindia) ने अब राहुल की सोच को लेकर ग्वालियर में मीडिया(Media) से कहा कि महामारी के वक्त देश की जनता के बीच प्रधानमंत्री ने सुरक्षा का वातावरण बनाया है

कांग्रेस(Congress) नेता राहुल(Rahul Gandhi) ने आरोप लगाया कि नोटबंदी से सिर्फ अमीरों को फायदा मिला, आपका पैसा घरों से निकालकर उसका प्रयोग अमीर लोगों का कर्ज माफ कर दिया गया।

आपको बता दें कि वायनाड से सांसद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) कई मुद्दों को लेकर लगातार मोदी सरकार (Modi Govt) पर हमला किया है। अर्थव्यवस्था को लेकर राहुल ने एक बार फिर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए एक वीडियो जारी किया है।

आपको बता दें कि वायनाड से सांसद राहुल गांधी (Rahul Gandhi) कई मुद्दों को लेकर लगातार मोदी सरकार (Modi Govt) पर हमला किया है। अर्थव्यवस्था को लेकर राहुल ने एक बार फिर केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए एक वीडियो जारी किया है।

राहुल गांधी(Rahul Gandhi) ने फर्जी खबरों(Fake News) को लेकर आरोप लगाया था कि सोशल मीडिया(Social Media) प्लेटफॉर्म्स के जरिए फर्जी खबर और घृणा फैलाकर मतदाताओं को प्रभावित किया जाता है।