रेल मंत्रालय

Indian Railway : रेल मंत्री(Rail Minister) ने कहा कि रेल मंत्रालय(Railway Ministry) ने यात्रियों को विश्वस्तरीय सेवाएं उपलब्ध कराने के लिये सार्वजनिक निजी साझेदारी के माध्यम से चुनिंदा मार्गो पर निवेश करने और आधुनिक रैक शामिल करने के लिये आवेदन आमंत्रित किये हैं।

कई स्पेशल ट्रेनों (Special Trains) में भारी भीड़ को देखते हुए रेलवे (Indian Railway) ने 21 सितंबर से चुनिंदा रूटों पर 20 जोड़ी क्लोन ट्रेन (Clone Trains) चलाने का निर्णय लिया है।

भारतीय रेल महाराष्ट्र के देवलाली से बिहार के दानापुर के लिए पहली किसान स्पेशल पार्सल ट्रेन को शुक्रवार को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।

सिर्फ 5 फीसदी अतिरिक्त ट्रेनों का ही परिचालन प्राइवेट ऑपरेटर्स को दिया जा रहा है। बाकी 95 ट्रेनों का परिचालन रेलवे करेगा।

रेलवे बोर्ड के अध्‍यक्ष विनोद कुमार यादव ने कहा कि सामान्य स्थिति की ओर लौटने के प्रयास में रेल मंत्रालय 1 जून से 200 मेल एक्सप्रेस ट्रेनें चलाएगा। उन्‍होंने बताया कि पिछले चार दिनों से औसतन प्रतिदिन 260 श्रमिक स्‍पेशल ट्रेन चलाई जा रही हैं और प्रतिदिन तीन लाख श्रमिक इनका फायदा उठा रहे हैं।

केंद्रीय गृह सचिव अजय भल्ला ने एक आधिकारिक आदेश के माध्यम से सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों और प्रशासन को निर्देश जारी किया कि फंसे हुए श्रमिकों के घर लौटते समय बड़े स्तर पर उनकी आवाजाही से नोवेल कोरोनावायरस संक्रमण का डर बना हुआ है। इसलिए पर्याप्त उपायों की जरूरत है।

इस प्रोटोकॉल के मुताबिक ट्रेनों का स्टॉपेज और डेस्टिनेशन दोनों ही राज्यों से सलाह मशवरा कर तय किया जाएगा। ट्रेनों में एंट्री, टिकट और कोच के भीतर मिलने वाली सुविधाओं के संबंध में रेल मंत्रालय विस्तृत जानकारी सभी को देगा।  राज्य सुनिश्चित करेंगे कि सभी यात्रियों की उचित तरीके से स्क्रीनिंग की जाए।

केंद्र के मुताबिक अब प्रतिदिन 1,200 की जगह लगभग 1,700 यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाया जाएगा। मंत्रालय ने अपने एक बयान में कहा कि ‘एमएचए और रेल मंत्रालय ने श्रमिक विशेष रेलगाड़ियों से प्रवासी श्रमिकों को ले जाये जाने पर आज सुबह एक वीडियो कॉन्फ्रेंस आयोजित की।’

रेल मंत्रालय की ओर से जारी स्पष्टीकरण में कहा गया है कि बिहार के जमालपुर से ईरिमी को उत्तर प्रदेश के लखनऊ स्थानांतरित करने की कोई योजना नहीं है।

रेल मंत्रालय ने 13 लाख से ज्यादा अधिकारियों और कर्मचारियों के वेतन-भत्ते में कटौती करने की योजना बनाई है।