लखनऊ

रविवार सुबह एक तरफ जहां सुबह 10 बजे अंतिम संस्कार की खबर है, वहीं इस बीच परिजनों ने कहा है कि जब तक सीएम योगी उनसे मिलने नहीं आते तब तक अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।

उन्नाव मामले को लेकर योगी सरकार निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, अगर किसी महिला के साथ अत्याचार होगा और 4 महीने तक एफआईआर तक दर्ज नहीं करेंगे, कोई कार्रवाई नहीं करेंगे, अपराधी को दो महीने में बेल पर छोड़ देंगे।

गौरतलब है कि 18 अक्टूबर को अशफाक और मोइनुद्दीन नाम के दो शख्स कमलेश तिवारी से मिलने उनके दफ्तर पहुंचे थे। दोनों ने कमलेश से बातचीत की और चाय पी, इसके बाद दोनों ने चाकू मारर बेरहमी से कमलेश की हत्या कर दी थी।

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद ने आयुष्मान भारत योजना के बहाने मोदी सरकार की जमकर तारीफ की। उन्होंने लखनऊ में वित्त आयोग की बैठक के दौरान कहा कि 'यह एक अच्छी योजना है, जिसे सबका सहयोग मिलना चाहिए।'

नई दिल्ली। हिंदू समाज के नेता कमलेश तिवारी के हत्यारों के बारे में नई जानकारी पता चली है। सीसीटीवी फुटेज से...

शुक्रवार को हुई इस हत्या को क्रैक करने के लिए पुलिस की 10 टीमें लगाई गई है। गुजरात भेजी गई टीम को लखनऊ के एसपी क्राइम लीड कर रहे हैं। यूपी पुलिस और गुजरात एटीएस गुजरात के हवाई अड्डों से दिल्ली और लखनऊ की फ्लाइट के यात्रियों के बारे में भी पूछताछ की है।

गुजरात एटीएस ने लखनऊ में हिन्दू समाज पार्टी के नेता कमलेश तिवारी हत्याकांड को सुलझाने का दावा किया है। इस सिलसिले में देर रात सूरत से 3 आरोपियों को गिरफ्तार भी किया गया है। इन लोगों से पूछताछ की जा रही है।

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हिंदू समाज पार्टी के नेता कमलेश तिवारी की हत्या के बाद बवाल बढ़ता जा रहा है। कमलेश तिवारी के परिजनों ने परिवार के दो सदस्यों के लिए नौकरी की मांग की है। साथ यह भी कहा है कि जब तक मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्वयं यहां नहीं आएंगे वे अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है और खबर के मुताबिक हिन्दू महासभा के पूर्व अध्यक्ष कमलेश तिवारी की गोली लगने से मौत हो गई है।

मुख्यमंत्री लखनऊ कैंट विधानसभा सीट पर उपचुनाव के लिए भाजपा उम्मीदवार सुरेश तिवारी के समर्थन में एक चुनावी सभा को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा, "देश फतवों से नहीं संविधान से चलेगा। भाजपा ने तीन तलाक जैसी कुप्रथा को सदैव के लिए प्रतिबंधित कर देश में राजनीति के मौलानाकरण को पूरी समाप्त कर दिया है।"