Akhilesh Yadav

उत्तर प्रदेश में योगी सरकार के ढाई साल पूरे हो गए हैं, इस मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में एक प्रेस कांफ्रेंस कर सरकार की उपलब्धियां गिनाई। इस मौके पर उन्होंने एक बुकलेट को लॉन्च किया, जिसमें योगी सरकार की उलब्धियों के बारे में लिखा है।

राजनीतिक गलियारों में अब चर्चा यह होने लगी है कि शिवपाल को कमजोर करके सपा अपना बेस वोट बचाने की कोशिश कर रही है। शिवपाल ने लोकसभा चुनाव के दौरान ही सपा छोड़ दी थी, लेकिन सपा ने उस समय उनकी विधानसभा सदस्यता खत्म कराने को लेकर कोई पहल नहीं की थी।

समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव शनिवार को पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान के समर्थन में रामपुर पहुंचे। इस दौरान मौलानाओं और धर्मगुरुओं ने उनका विरोध किया।

समाजवादी पार्टी ने अब जिस तरह से शिवपाल सिंह यादव की विधानसभा सदस्यता खारिज करने के लिए याचिका लगाई है, उससे पता चलता है कि वर्ष 2016 से पार्टी में वर्चस्व के लिए शुरू हुई चाचा-भतीजे की लड़ाई थमने के दूर-दूर तक आसार नहीं हैं।

योगी सरकार के भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़े अभियान का असर राज्य की कमाई पर पड़ा है। राज्य की कमाई पिछले ढाई सालों में तेजी से बढ़ी है। आलम यह है पिछले एक साल के भीतर योगी सरकार ने अखिलेश यादव की पिछली सरकार को रेवेन्यू के मामले में बहुत पीछे छोड़ दिया है।

फैसल खान लाला आनंदीबेन पटेल को खत लिखकर कहा है कि, अखिलेश यादव 9 सितंबर को आजम खान के समर्थन में रामपुर में पहुंचकर दंगा कराना चाहते हैं।

प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (प्रसपा) लोहिया के अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव ने कहा है कि उनकी पार्टी उत्तर प्रदेश में 13 विधानसभा सीटों पर होने जा रहे उपचुनावों में अपने उम्मीदवार नहीं उतारेगी।

समाजवादी पार्टी के पूर्व राज्यसभा सांसद संजय सेठ और सुरेंद्र नागर ने आखिरकार भाजपा में शामिल हो गए हैं। दोनों नेताओं ने पिछले दिनों सपा से इस्तीफा दिया था, जिसके बाद से अटकलें लगाई जा रही थी कि, ये दोनों नेता भाजपा में जा सकते हैं।

कांग्रेस के एमएलसी दीपक सिंह ने कहा कि आजम खां के विवि के जो बिल आए हैं, उसका वह समर्थन नहीं करेंगे, क्योंकि उसमें विसंगतियां हैं। उन्होंने कहा, "हमारा सपा के साथ कोई गठबंधन तो है नहीं कि हम हर मुद्दे पर उनके साथ रहेंगे।

जहां मायावती ने आजम खान को निशाने पर लेते हुए उनसे माफी मांगनी को कहा है वहीं बयान देने के समय सदन में आजम खान के बगल मौजूद समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उनका समर्थन किया है।