delhi

 कोरोनोवायरस के कारण देश भर में हुए 21 दिनों के लॉकडाउन के बीच हजारों गरीब और दिहाड़ी मजदूर अपना पेट भरने की जद्दोजहद कर रहे हैं।

कोरोनावायरस की महामारी को देखते हुए बुधवार को दिल्ली सरकार ने 20 इलाके सील कर दिए। इनमें दक्षिण दिल्ली के दो इलाकों को हॉटस्पॉट चिन्हित किया गया है।

दिल्ली के डिफेंस कालोनी थाना इलाके में एक परिवार के तीन लोग कोरोना पॉजिटिव पाये गये हैं। तीनों को होम क्वारंटाइन करवा दिया गया है।

लॉकडाउन के चलते दिल्‍ली में वायु प्रदूषण में बुधवार को एक पायदान का सुधार हुआ। वायु में जहरीली गैस नाइट्रोजन ऑक्साइड की 60 फीसदी की कमी आई है।

लाभार्थियों में से एक अलीगढ़ के रहने वाले अशोक कहते हैं, "उनके पिता लॉकडाउन की वजह से दिल्ली से अलीगढ़ नहीं आ पा रहे हैं। वह सुबह शाम भोजन करते हैं। लगभग एक हजार लोग भोजन करते हैं और यह बहुत स्वादिष्ट होता है।"

कोरोनावायरस संक्रमण के बढ़ते खतरों के बीच दक्षिण पूर्वी दिल्ली के निजामुद्दीन स्थित तब्लीगी जमात के मरकज से दस से अधिक देशों के नागरिकों समेत 200 लोगों को यहां के अलग-अलग अस्पतालों में जांच के लिए ले जाया गया है।

सबसे खास बात ये रही कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मां हीराबेन ने भी जनता कर्फ्यू के दौरान जरूरी सेवाओं में लगे लोगों की थाली बजाकर उनकी हौसला अफजाई की।

अरविंद केजरीवाल ने रविवार शाम इसका ऐलान किया। उन्होंने कहा कि कल सुबह छह बजे से दिल्ली में लॉकडाउन लागू होगा और यह 31 मार्च की रात 12 बजे तक लागू रहेगा।

कोरोना वायरस की चुनौतियों के खिलाफ संघर्ष के बीच रविवार (22 मार्च) को जनता कर्फ्यू के दौरान सड़कें वीरान पड़ी रही और मार्केट सूनी।

कोरोनावायरस के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए आज दिल्ली के सभी बाजार बंद रहेंगे। ये बाजार तीन दिनों तक बंद रहेंगे। कैट के महासचिव प्रवीण खंडेलवाल के मुताबिक डेयरी, दवाएं, सब्जी और राशन की दुकानें खुली रहेंगी, ताकि लोगों को दिक्कत न हो और उनकी आम जरूरते पूरी होती रहें।