Delhi Election.

कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और वायनाड से सांसद राहुल गांधी ने एक चुनावी रैली में पीएम मोदी को लेकर कहा कि, ”ये जो नरेंद्र मोदी भाषण दे रहा है, 6 महीने बाद ये घर से बाहर नहीं निकल पाएगा।” राहुल गांधी यहीं नहीं रुके, उन्होंने पीएम मोदी को डंडा मारने की बात कर दी।

दिल्ली विधानसभा चुनाव 2020 में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की करारी हार हुई है। इस हार से भाजपा का शीर्ष नेतृत्व सकते में है। पूरे दमखम और केंद्रीय नेतृत्व की पूरी फौज चुनावी समर में झोंकने के बावजूद भाजपा को महज 8 सीटों पर जीत मिली।

दिल्ली विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी की बंपर जीत हुई है। वहीं दिल्ली भाजपा के दो नेता ऐसे रहे, जिनका केजरीवाल की आंधी में भी कुछ नहीं बिगड़ा। लगातार दूसरी बार सीट बचाने में सफल रहे ये नेता हैं रोहिणी विधानसभा सीट से जीते विजेंद्र गुप्ता और विश्वासनगर से तीसरी बार विधायक बने ओम प्रकाश शर्मा। 

दिल्ली विधानसभा चुनाव में जीत के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अरविंद केजरीवाल को बधाई दी

दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने मंगलवार को राष्ट्रीय राजधानी की छठी विधानसभा को भंग कर दिया। चुनाव परिणामों के घोषित होने के बाद से यहां नई विधानसभा का गठन होना है।

हार साफ देखने के बाद कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने संवाददाताओं से कहा, ''जनता ने अपना जनादेश दे दिया। जनादेश कांग्रेस के विरुद्ध भी दिया है। हम कांग्रेस और डीपीसीसी की तरफ से इस जनादेश को विनम्रता से स्वीकार करते हैं।"

भाजपा के सांसद गौतम गंभीर ने इस बात को स्वीकार किया है कि, भाजपा दिल्ली के वोटरों को ठीक तरीके से समझा नहीं पाई, जिसका नतीजा है कि वो चुनाव में बहुमत से दूर रह गए।

ओखला से कांग्रेस नेता परवेज अहमद ने कहा, "कांग्रेस अल्पसंख्यक बहुल इलाकों में अच्छा करने की उम्मीद कर रही थी, लेकिन मुस्लिमों ने भाजपा के जीत के डर से आप को वोट किया।"

दिल्ली विधानसभा चुनाव को लेकर तमाम एग्जिट पोल के नतीजे संकेत दे रहे हैं कि दिल्ली में सत्ता की कुर्सी केजरीवाल के पास वापस जा सकती है। इसके बाद भी भारतीय जनता पार्टी को उम्मीद बनी हुई है कि नतीजे एग्जिट पोल के उलट आ सकते हैं।

एक प्राइवेट न्यूज चैनल के रिपोर्टर अंकित गुप्ता इसको लेकर अपने ट्वीट में कहते हैं कि, "वैसे Delhi Exit Polls के आने के बाद एक बात थोड़ी अजीब लग रही है कि जिस आम आदमी पार्टी के पक्ष में सारे नतीजे दिख रहे हैं वो अभी भी खुलकर नहीं बोल पा रही