Delhi Riots

Delhi riots: पत्रकार आदित्य भारद्वाज(Aditya Bhardwaj) ने बताया कि, वो खुद उस इलाके में रहते हैं जहां ये दंगे हुए थे। उनके मुताबिक दंगों की प्लानिंग बहुत ही बेहतर तरीके से की गई थी। दंगा उस समय शुरू किया गया, जबकि घरों में पुरूष नहीं थे।

Saransh Films: इस डॉक्यूमेंट्री का निर्देशन 66 वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार जीतने वाली फिल्म ‘Madhubani: The Station of Colors’ के लेखक-निर्देशक कमलेश मिश्रा किया है और इसके निर्माता नवीन बंसल हैं।

Umar Khalid Confession: अपने बयान में उमर(Umar Khalid) ने कहा कि, 'प्लान कामयाब ना होता देख हमने आंदोलन को और सख्त बनाने की योजना बनाई। हमने 16 और 17 फरवरी की शाम एक मीटिंग में तय किया कि अब हिंसा(Violence) का रास्ता अपनाकर ही सरकार को घुटनों पर लाया जा सकता है।

Delhi Riots: दिल्ली में फरवरी में हुए दंगों से संबंधित एक मामले में गिरफ्तार किए गए जेएनयू (JNU) छात्रसंघ के पूर्व नेता उमर खालिद (Umar Khalid) की मुश्किलें लगातार बढ़ती दिख रही है। दरअसल राष्ट्रीय राजधानी में फैली हिंसा (Delhi Violence) में आरोपी उमर खालिद के खिलाफ दिल्‍ली पुलिस (Delhi Police) की क्राइम ब्रांच ने गुरुवार को अपनी चार्जशीट दाखिल की है।

Farmer Protest: पोस्टर्स में जिन लोगों को रिहा करने की बात कही गई है, उनमें यूएपीए(UAPA) के तहत गिरफ्तार हुए शरजील इमाम का भी जिक्र है। बता दें कि शरजील इमाम(Sharjeel Imam) ने असम को भारत से काटने की बात की थी।

Delhi violence: राष्ट्रीय राजधानी में इसी साल फरवरी के महीने में हुई हिंसा के आरोपियों की पहली बार तस्वीरें सामने आई है। दिल्ली पुलिस (Delhi Police) ने गुरुवार को पहली बार दिल्ली दंगों (Delhi Violence) के दौरान चांद बाग हिंसा में शामिल 20 आरोपियों की तस्वीर जारी की है।

Delhi Riots: दिल्ली पुलिस(Delhi Police) की अर्जी का विरोध करते हुए उमर खालिद(Umar Khalid) के वकील ने कहा कि उमर खालिद ने पुलिस की जांच में पूरी तरह से सहयोग किया है। ऐसे में उमर खालिद पर यह आरोप लगाना कि उसने जांच में सहयोग नहीं कर रहा है, गलत है।

Delhi Riots : दिल्ली पुलिस(Delhi Police) का कहना है कि, "कपिल मिश्रा(Kapil Mishra) के पूरे बयान के रिकॉर्ड पर आ जाने से आहत एंकर ने असली व्हिसल ब्लोअर(Whistle Blower) को नजरअंदाज करते हुए दर्शकों को गुमराह करने का प्रयास किया है।"

Delhi riots: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली (Delhi) में फरवरी में हुए दंगों के सिलसिले में पुलिस ने जो आरोप-पत्र (चार्जशीट) दायर किया है उसमें कहा गया है कि नागरिक संशोधन कानून (CAA) के विरोध में हो रहे प्रदर्शनों के दौरान भड़काऊ भाषण देने वाले नेताओं में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सलमान खुर्शीद (Senior Congress leader Salman Khurshid), माकपा नेता वृंदा करात (Brinda Karat) और उदित राज (Udit Raj) शामिल थे।

Delhi Riots: इस पूरी साजिश को अंजाम दिलाने में पिंजरा तोड़ ग्रुप की तरफ से की गई मदद के बारे में भी चार्जशीट(Chargesheet) में लिखा गया है। चार्जशीट में यह भी कहा गया है कि कैसे जहांगीरपुरी(Jahangir Puri) से 300 महिलाओं को पहले शाहीन बाग(Shaeen Bagh) धरने के लिए ले जाया जा रहा था