Delhi Riots

दिल्ली पुलिस की विशेष इकाई चांदबाग इलाके के खतरनाक बदमाश मूसा और सलमान के बीच मोबाइल पर हो रही बातचीत को दंगों के दौरान गुपचुप तरीके से सुन रही थी। जैसे ही सलमान ने मूसा को बताया कि उसने भीड़ के बीच में घुसकर एक आदमी को चाकूओं से गोद डाला है, वैसे ही दिल्ली पुलिस की विशेष इकाई और स्पेशल ब्रांच (खुफिया विंग) सतर्क हो गई।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट के मुताबिक अंकित के शरीर पर 6 कट के निशान थे जिसमें स्क्रैच भी थे। बाकी 33 चोट के निशान थे जिसमें रॉड और डंडे जैसे भारी ऑब्जेक्ट से अंकित के सिर और शरीर पर लगातार वार किया गया था।

आईपीएस एसोसिएशन ने दिल्ली दंगों के कवरेज में न्यूयार्क टाइम्स की भूमिका पर गहरे सवाल खड़े किए। 'न्यूसयार्क टाइम्सं' की रिपोर्ट की एसोसिएशन ने जमकर निंदा की है। एसोसिएशन ने इसे पूरी तरह झूठा और भारतीय संस्थाशओं की प्रतिष्ठां धूमिल करने का प्रयास करार दिया।

भाजपा के कद्दावर नेता और राष्ट्रीय महासचिव भूपेंद्र यादव ने दिल्ली के दंगों पर बड़ा बयान दिया है। उनका मानना है कि केंद्र सरकार के खिलाफ गहरी साजिश के तहत दिल्ली में विरोधियों ने दंगे करवाए।

दिल्ली में बीजेपी नेता कपिल मिश्रा को लगातार मिल रही धमकियों के बाद वाई प्लस कैटेगरी की सुरक्षा दिए जाने की खबर सामने आई। लेकिन अब दिल्ली पुलिस ने कपिल को किसी भी तरह की सुरक्षा व्यवस्था देने से साफ इनकार कर दिया है।

आम आदमी पार्टी (आप) के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने सोमवार को दिल्ली में दंगों के दौरान हुई हिंसा की एसआईटी जांच की मांग की है। उन्होंने दावा करते हुए कहा कि हिंसा में 40 से अधिक लोग मारे गए हैं, जबकि 200 लोग घायल हो गए हैं।

आध्यात्मिक गुरु श्री श्री रविशंकर ने रविवार को उत्तर-पूर्वी दिल्ली में दंगा पीड़ितों से मुलाकात करते हुए कहा कि सरकारी मुआवजा पर्याप्त नहीं है और आत्मविश्वास को बहाल करना ही होगा।

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को दिल्ली हिंसा संबंधी अधिवक्ता प्रशांत भूषण की याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया और कहा कि सबरीमला मामले पर सुनवाई के बाद इसे देखा जाएगा।

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने दिल्ली हिंसा के लिए कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (आप) को जिम्मेदार ठहराया है। भाजपा ने आरोप लगाते हुए कहा है कि दिल्ली में लोगों को उकसाने का काम कांग्रेस और आम आदमी पार्टी की सरकार कर रही है।

बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुए सोनिया गांधी ने कहा कि दिल्ली की मौजूदा हालात चिंताजनक है। एक साजिश के तहत हालात बिगड़े। बीजेपी नेताओं ने भड़काऊ भाषण दिए। चुनाव के दौरान नफरत फैलाया। दिल्ली की स्थिति के लिए केंद्र सरकार और गृह मंत्री अमित शाह जिम्मेदार हैं। गृह मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए।