Election Commission

राज ठाकरे ने चुनाव आयोग को देश में चुनाव प्रक्रिया में विश्वास बहाल करने के बारे में खत लिखा। उन्होंने लिखा, पिछले कुछ साल में देश में अपनाई गई चुनाव प्रक्रिया और ईवीएम के इस्तेमाल पर कई लोग असंतुष्टि जाहिर कर चुके हैं।

राज ठाकरे ने अपने पत्र में कहा है कि ईवीएम को लेकर कई सवाल खड़े किए जा रहे है। ऐसे में चुनाव प्रणाली में फिर से विश्वास के लिए चुनाव EVM की जगह बैलेट पेपर से कराए जाए।

जम्मू-कश्मीर में राष्ट्रपति शासन लगा हुआ है और भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव राम माधव ने कहा है कि, वो चुनाव आयोग से अपील करेंगे कि इसी साल के अंत तक राज्य में चुनाव कराए जाए।

पंजाब के गुरदासपुर से चुनकर आए बीजेपी सांसद सनी देओल की लोकसभा सदस्यता पर खतरा मंडराता दिख रहा है। बता दें कि पहली बार सांसद बने सनी देओल पर लोकसभा चुनाव में तय सीमा से अधिक खर्च करने का आरोप है। इस मामले में चुनाव आयोग को कुछ दस्तावेज मिले हैं। जिस आधार पर चुनाव आयोग नोटिस जारी कर सकता है।

सनी देओल पहली बार चुनाव मैदान में उतरे हैं, उन्होंने गुरदासपुर की सीट से कांग्रेस के सुनील कुमार जाखड़ को 82459 वोटों से हराया था। 2019 के लोकसभा चुनाव में सनी देओल को 551177 वोट और सुनील कुमार जाखड़ को 474168 वोट मिले थे।

निर्वाचन आयोग की तरफ से जारी बयान के अनुसार, नामांकन दाखिल करने की प्रक्रिया 18 जून से शुरू होगी और 25 जून तक चलेगी। नाम वापस लेने की अंतिम तिथि 28 जून होगी। 

चुनाव आयोग ने एलान किया है कि जम्मू-कश्मीर में विधानसभा चुनाव अमरनाथ यात्रा के बाद होंगे। बता दें कि इस साल अमरनाथ यात्रा 1 जुलाई से शुरू हो रही है। अमरनाथ यात्रा डेढ़ महीने यानी कि 46 दिनों तक चलेगी। इसकी समाप्ति 15 अगस्त को होगी।

एग्जिट पोल के बाद से ही विपक्षी दल ईवीएम को लेकर सवाल उठा रहे हैं। जिसके बाद कई नेताओं ने ईवीएम मामले पर खुली धमकी भी देनी शुरू कर दी है। हालांकि ईवीएम की सुरक्षा की बात की जाए तो इसे संदेह के दायरे से परे कहा जा सकता है। किसी भी मतदान स्थल पर पोलिंग के बाद ईवीएम को बॉक्स में रखा जाता है और फिर पूरे सुरक्षा दस्ते के साथ उन्हें स्ट्रॉन्गरूम में रखा जाता है, जो पूरी तरह से सील होता है।

मुख्य चुनाव आयुक्त सुनील अरो़ड़ा से मुलाकात के दौरान चंद्रबाबू नायडू ने कहा कि, अगर ईवीएम को लेकर बार बार शिकायत की जा रही है तो चुनाव आयोग ने कार्रवाई क्यों नहीं की।

उन्होंने कहा कि, ''ईवीएम की सुरक्षा की जिम्मेदारी चुनाव आयोग की है और चुनाव आयोग की ईवीएम से छेड़छाड़ की अफवाहों को रोकने के लिए जरूरी कदम उठाने चाहिए।''