Jyotish

गरीब कन्याओं को खुश किया जाए, उन्हें भोजन-कपड़े इत्यादि दान किए जाएं तो ऐसा करने से देवी प्रसन्न होकर अपने भक्तों पर अपार कृपा करती हैं।

यदि उक्त विधि को करना किसी के लिए संभव न हो, तब वह जल को पात्र में काले तिल डालकर दक्षिण दिशा की ओर मुँह करके तर्पण कर सकता है।

शिव पुराण के अनुसार चन्द्रमा का विवाह दक्ष प्रजापति की 27 कन्याओं से हुआ था। यह कन्याएं 27 नक्षत्र हैं। इनमें चन्द्रमा रोहिणी से विशेष स्नेह करते थे।

लेकिन अगर राहु की युति वाले ग्रह से सम्बन्धित रिश्ते की और अगर तुम पूरी तरह समर्पित रहो, तो यही रिश्ते तुम्हारे लिये छाते का कार्य करते हैं, जिस तरह छाता हर बारिश और कडकती धूप से बचा लेता है, वैसे ही ये रिश्ते जातक को हर मुसीबत से बचा जाते हैं |

धन संबंधी परेशानियां दूर करने के लिए सप्ताह के हर गुरुवार को यह तांत्रिक उपाय करें। उपाय के अनुसार हर गुरुवार को आप पीले वस्त्र पहनें। खाने में पीले रंग की मिठाई खाएं। इसके साथ ही पीले रंग की वस्तु का दान करें। पीले रंग की वस्तु जैसे पीले रंग का कपड़ा, पीला फल आम, हल्दी आदि। इस उपाय से भी धन की कमी दूर होती है।

मंगल मूर्ति भगवान गणेश को मोदक एवं उनका वाहन मूषक अतिप्रिय है। अत: घर में चित्र लगाते समय ध्यान रखें कि चित्र में मोदक या लड्डू और चूहा अवश्य होना चाहिए। इससे घर में बरकत होती है।

आंखें सूर्य का हिस्सा हैं, इसलिए आंखें देखने में सक्षम होती हैं। आंखों का तालमेल सूर्य ऊर्जा के साथ रहता है। तो पुरुष आंखों से, दृष्टि से अधिक जुड़ा हुआ है।

शुक्रवार को शुरू होने वाला पंचक चोर पंचक कहलाता है।विद्वानों के अनुसार इस पंचक में यात्रा करने की मनाही है। इस पंचक में लेन-देन, व्यापार और किसी भी तरह के सौदे भी नहीं करने चाहिए। मना किए गए कार्य करने से धन हानि हो सकती है।

पंडित दयानंद शास्त्री के अनुसार हिंदुओं में शुभ विवाह की तिथि वर-वधू की जन्म राशि के आधार पर निकाली जाती है। वर या वधू का जन्म जिस चंद्र नक्षत्र में हुआ होता है उस नक्षत्र के चरण में आने वाले अक्षर को भी विवाह की तिथि ज्ञात करने के लिए प्रयोग किया जाता है।

सीढ़ियों के नीचे किसी भी तरह का निर्माण जैसे पूजाघर, मूत्रालय आदि का निर्माण नहीं करना चाहिए। सीढ़ियों के नीचे रसोई घर, पूजा घर, स्नान घर आदि न बनवाएं। हां, वहां स्टोर रूम बनाया जा सकता है।