Kisan agitation

Farmers Protest: राकेश टिकैत के इस दावे के बाद से लोग भाजपा के उस सांसद के नाम को लेकर अटकलें लगाना शुरू कर चुके हैं। लोग तो यह तक मानने लगे हैं कि पश्चिमी यूपी का कोई सांसद किसानों के समर्थन में अपने पद से इस्तीफा दे सकता है। लेकिन वहीं कुछ लोग यह मानने लगे हैं कि यह शुरुआत पंजाब या हरियाणा से हो सकती है।

संयुक्त किसान मोर्चा सहित अन्य किसान संगठनों (Farmer organizations) द्वारा शनिवार को राष्ट्रव्यापी तीन घंटे के लिए चक्का जाम (Chakka Jam) किया जाना है, ऐसे में दिल्ली पुलिस इस दौरान होने वाली किसी भी अप्रत्याशित घटना के लिए पूरी तरह से तैयार है, जिसमें 'फ्लैश मॉब' (Flash Mob) और 'प्रोटेस्ट कॉल ऑन सोशल मीडिया' (Protest Call on Social Media) जैसी कई चीजें शामिल हैं।

देश में आज भी किसानों का आंदोलन (Farmers Protest) जारी है। इस दौरान आज देशभर में किसान चक्का जाम करेंगे। जिसे लेकर दिल्ली पुलिस (Delhi Police) काफी सतर्क है। साथ ही दिल्‍ली मेट्रो रेल कारपोरेशन (DMRC) को लेटर लिखा है।

26 जनवरी को दिल्ली में हुई हिंसा (Delhi Violence) के बाद किसान आंदोलन (Farmers Protest) कमजोर हो रहा था लेकिन एक बार फिर इस प्रदर्शन ने जोर पकड़ लिया है। शुक्रवार को भी कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का धरना आंदोलन जारी है।

Congress: अब सोशल मीडिया (Social Media) के जरिए इस मामले पर अपना गुस्सा जाहिर करने के ख्याल से रॉबर्ट वाड्रा (Robert Vadra) ने एक ट्वीट किया। इस ट्वीट में उन्होंने जो लाल किले पर हुआ उसको लेकर लिखा, बेहद दुःख और शर्मिंदगी। जिसमें उन्होंने भारत का मानचित्र भी लगाया है। यहां तक तो ठीक था क्योंकि गुस्सा तो लाजमी है शर्मिंदा होना भी जरूरी है क्योंकि जो कल हुआ वह देश को शर्मिंदा करनेवाला ही था।

गणतंत्र दिवस के मौके पर दिल्ली के लाल किले के अंदर 'उपद्रवियों' ने जमकर बवाल काटा। जिसकी तस्वीरें अब सामने आ रही हैं। जहां पर सीसीटीवी कैमरा टूटा हुआ है, सामान जमीन पर बिखरे हुए है और कांच के टुकड़े भी जमीन पर पड़े हुए दिखे। बता दें कि प्रदर्शनकारियों के एक समूह ने कल किले के पोल पर चढ़कर अपना झंडा फहराया था।

Farmers Protest: संयुक्त किसान मोर्चा के 7 सदस्यीय कमेटी में गुरनाम सिंह चढूनी (Gurnam Singh Chadhuni) भी शामिल थे। जिन्हें कमेटी से बाहर का रास्ता दिखा दिया गया है। गुरनाम सिंह चढूनी ने इस कार्रवाई पर जमकर अपनी प्रतिक्रिया दी और कहा कि कहा कि कुछ लोग उनके बढ़ते कद से ज्यादा असहज महसूस करते हैं। चढूनी की तरफ से ये भी कहा गया कि इसी को देखते हुए उनके खिलाफ बदले की भावना से कार्रवाई की गई है। चढूनी ने कहा कि ये पूरी संयुक्त किसान मोर्चा की तरफ से आरोप नहीं है यह केवल शिवकुमार सिंह कक्का के आरोप हैं जो खुद आरएसएस के एजेंट हैं। वही फूट डालो राज करो की राजनीति कर रहे हैं।

किसान आंदोलन (Farmers Protest) सोमवार को भी जारी है। आज किसानों की ट्रैक्टर रैली (Tractor rally) को लेकर सुप्रीम कोर्ट (Supreme court) में सुनवाई हुई। लगभग 2-3 मिनट तक चली इस सुनवाई में कोर्ट ने कहा कि दिल्ली में कौन आएगा-कौन नहीं, ये पुलिस तय करेगी।

Farmers Protest: फिलहाल सल्फास खाने के पीछे कारणों का पता नहीं चल पाया है और ना ही धरनास्थल पर मौजूद प्रदर्शनकारियों को मृतक के पास से कोई सुसाइड नोट भी नहीं मिला है।

देश में नए कृषि कानूनों के खिलाफ किसान आंदोलन (Farmers Protest) जारी है। इस बीच सोशल मीडिया (Social Media) पर कुछ समय पहले एक वीडियो काफी वायरल (Video Viral) हो रहा था जिसमें एक शख्स किसानों को लेकर सेना के जवानों को भड़काते हुए नजर आ रहा है।