Line of Actual Control

India-China Dispute: एक सवाल के जवाब में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि चीन (China) को भारत (India) के आंतरिक मसलों पर टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं। उन्होंने कहा कि हम उम्मीद करते हैं कि चीन भारत के आंतरिक मामलों पर टिप्पणी नहीं करेगा, जैसा कि वो दूसरों से इस तरह की उम्मीद करता है।

India China Face off: पूर्वी लद्दाख (East Ladakh) में वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर तनाव कम करने के मुद्दे पर भारत और चीनी सेना के प्रतिनिधि (Representative of India and Chinese Army) सोमवार को बातचीत करेंगे। दोनों देशों की सेनाओं के बीच कोर कमांडर स्तर पर ये सातवें दौर की बातचीत (7th Round Military Commander Level Meeting) होगी।

India-China: लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (LAC) पर भारत और चीन के बीच जारी सीमा विवाद को हल करने के लिए दोनों देशों के बीच अबतक 6 दौर की वार्ता हो चुकी है लेकिन फिलहाल सभी बैठक बिना नतीजे के समाप्त हुई है। LAC पर हालत सामान्य नहीं हैं और चीन इस मामले पर कुछ ज्यादा ही अकड़ दिखाने की कोशिश कर रहा है। LAC पर तनातनी के बीच भारत ने ब्रह्मोस, निर्भय और आकाश मिसाइल की अग्रिम मोर्चे पर तैनाती कर दी है।

LAC face off : पूर्वी लद्दाख के गलवान घाटी (Galwan Valley) में बीते 15 जून को भारत और चीनी (India-China border Faceoff) सैनिकों के बीच में हिंसक झड़प हुई थी। इस खूनी संघर्ष में भारत के 20 सैनिक शहीद हुए थे। लेकिन चीन ने पहली बार इस झड़प में अपने मारे गए सैनिकों की संख्या बताई है।

पूर्वी लद्दाख (East Ladakh) में वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर भारत और चीन में तनाव (Tension in India-China) जारी है। ऐसे में भारतीय सेना (Indian Army) का मनोबल तोड़ने के लिए अब चीन नया पैंतरा अपना रहा है।

भारत (India) और चीन (China) के बीच सीमा विवाद (Border Dispute) ने गलवान घाटी प्रकरण के बाद एक अलग ही मोड़ ले लिया है।

भारत और चीन में सीमा विवाद (India and China Border dispute) के बीच इन दिनों चीन की टेंशन बढ़ गई है। राफेल (Rafael) के अभ्यास से चीन (China) घबरा गया है जिससे डरकर चीन ने अपने होतान एयरबेस पर 36 बमवर्षक विमान उतार दिये हैं।

कोरोना और भारत से सीमा विवाद को लेकर चौतरफा घिरा गया है। भारत और चीन में लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर चल रहे सीमा विवाद को लेकर चीन का कहना है कि भारत के साथ सीमा पर शांति कायम करना और विवादित मुद्दों को हल करना ही उसकी प्राथमिकता है।

सेना और वायु सेना द्वारा लद्दाख सेक्टर के फॉरवर्ड इलाकों में चीन की सीमा के साथ तैनात किया गया है। ड्रोन चीनी सेना द्वारा disengagement को सत्यापित करने में मदद कर रहे हैं और साथ ही साथ उनकी टुकड़ियों की संख्या की जानकारी पता लगाने में भी मददगार साबित हो रहे हैं।

चीनी आक्रामकता का जवाब देने के लिए भारत ने पड़ोसी देश के साथ लगती सीमा पर और 35 हजार सैनिक बढ़ाने का फैसला किया है।