Maharashtra Political Crisis

महाराष्ट्र में सियासत रोज नया रंग दिखा रही है। अब मतदान का समय तय हो गया है। दोनों ही पक्षों की सबसे बड़ी चिंता अपने अपने विधायकों को संभाल कर रखने की है। इस बीच में नेता विधायक दल को लेकर पेच फंस गया है।

सुप्रीम कोर्ट ने महाराष्ट्र मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को अपने आदेश में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को बुधवार शाम पांच बजे से पहले विधानसभा में अपना बहुमत साबित करने के लिए कहा। कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि इसके लिए गुप्त मतदान नहीं होगा और सदन की कार्यवाही का लाइव प्रसारण किया जाएगा।

महाराष्ट्र में जारी सियासी संग्राम के बीच सोमवार एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने बड़ा बयान दिया है। शरद पवार ने पहली बार खुलासा करते हुए कहा कि हमने शिवसेना से ढाई-ढाई साल मुख्यमंत्री पद की मांग की थी, लेकिन इस मसले पर मतभेद था। कोई सहमति नहीं बन पाई थी।

सुप्रीम कोर्ट ने राज्यपाल बीएस कोश्यारी द्वारा महाराष्ट्र में भाजपा-अजित पवार को सरकार बनाने के लिए दिए गए आमंत्रण मामले पर अपना आदेश मंगलवार सुबह 10.30 बजे के लिए सोमवार को सुरक्षित कर लिया। इस तरह भाजपा-अजित पवार को कम से कम एक दिन की राहत मिल गई है।

प्रियंका गांधी ने  ट्वीट कर कहा, '' टीवी दिखा रहा है कि भाजपा महाराष्ट्र में संस्थाओं, संविधान को ठेंगा दिखाते हुए कर्नाटक का खेल फिर से दोहराना चाह रही है। महाराष्ट्र में 12000 किसानों ने आत्महत्या कर ली। उनके लिए भाजपा सरकार की जेब से तो मदद नहीं निकली। क्या हम जनादेश के खुले अपहरण के दौर में पहुंच चुके हैं?

शरद पवार और अजीत पवार के बीच विधायकों को लेकर रस्साकशी तेज हो गई है। एनसीपी के जो एमएलए मुंबई के बाहर थे, उनको वापस लाया जा रहा है। एनसीपी के नेताओं ने गुड़गांव से दो एमएलए को मुंबई वापस भेज दिया है। इन्हें रातों-रात मुंबई भेजा गया।

महाराष्ट्र में सियासी घमासान जारी है। इन सब के बीच शिवसेना के साथ गठबंधन करके सत्ता पर काबिज होने को लेकर एनसीपी और कांग्रेस की तरफ से पत्ते नहीं खोले जा रहे हैं। राष्ट्रपति शासन लगने के बाद से राज्य में राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। राज्य में चुनाव नतीजों के बाद से ही राजनीतिक अस्थिरता का दौर जारी है।

महाराष्ट्र में सरकार गठन को लेकर जारी सस्पेंस के बीच शिवसेना सांसद संजय राउत का बयान सामने आया है। संजय राउत ने कहा कि अगले पांच-छह दिनों में महाराष्ट्र में मजबूत सरकार का गठन किया जाएगा।

महाराष्ट्र में सरकार गठन को लेकर जारी सियासी घमासान पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत ने बड़ा बयान दिया है। आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने इशारों-इशारों में महाराष्ट्र में भाजपा और शिवसेना के बीच चल रहे तनाव पर दोनों दलों को नसीहत दी है।

शरद पवार को लेकर उन्होंने कहा कि शरद पवार को समझने में कई जन्म लग जाएंगे। राउत ने कहा कि हम किसानों के मसले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे, ये मुलाकात शरद पवार की अगुवाई में ही होगी।