Nirbhaya Case

निर्भया के गुनहगार अब अपने अंजाम पर पहुंचने ही वाले हैं। इस बात के संकेत मिलने शुरू हो गए हैं। तिहाड़ प्रशासन ने सभी गुनाहगारों को आखिरी चिट्ठी लिखी है। यह चिट्ठी इनके परिवार से अंतिम मुलाकात के लिए है।

निर्भया गैंगरेप मामले के दोषी विनय ने दीवार पर सिर मारकर खुद को घायल कर लिया। इसमें उसे मामूली चोटें भी आई हैं। तिहाड़ जेल प्रबंधन ने इस घटना की पुष्टि की है। घटना 16 फरवरी की बताई जा रही है।

बता दें कि सोमवार को निर्भया के दोषियों के खिलाफ नए डेथ वारंट जारी करने की दिल्ली सरकार, तिहाड़ जेल प्रशासन और निर्भया के माता-पिता की याचिका पर पटियाला हाउस कोर्ट में सुनवाई हुई।

निर्भया सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती देने वाली केंद्र और दिल्ली सरकार की याचिका पर वह शुक्रवार को सुनवाई करेगा।

निर्भया गैंगरेप और मर्डर केस के एक दोषी अक्षय ठाकुर की दया याचिका राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने खारिज कर दी है। अक्षय ठाकुर ने शनिवार को राष्ट्रपति के पास दया याचिका भेजी थी।

निर्भया केस में दिल्ली हाईकोर्ट के सामने केंद्र सरकार ने दोषियों को अलग-अलग फांसी देने की अर्जी लगाई थी। जिसको लेकर फैसला सुरक्षित रख लिया गया था।

राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शनिवार को निर्भया के दोषी विनय शर्मा की दया याचिका खारिज कर दी है। चारों दोषियों में से यह दूसरी दया याचिका है, जो राष्ट्रपति के पास लगाई गई थी। गौर हो इससे पहले मुकेश की दया याचिका राष्ट्रपति खारिज कर चुके हैं।

अब निर्भया के दोषी मुकेश के सभी कानूनी विकल्प खत्म हो चुके हैं। हालांकि दूसरे दोषियों के कानूनी विकल्प खत्म होने तक उसकी फांसी भी रुकी रह सकती है, क्योंकि चारो दोषियों को एक साथ फांसी दी जाएगी।

एक बार फिर से निर्भया केस में दोषियों की फांसी टल गई है। पहले इस मामले में पटियाला हाउस कोर्ट ने निर्भया के दोषियों की फांसी पर डेथ वारंट जारी किया था।

इस मामले में बुधवार को फैसला सुनाते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि हमने खुद को संतुष्ट करने के लिए राष्ट्रपति के पास भेजे गए सारे दस्तावेजों को देखा। गृह मंत्रालय ने सारे दस्तावेज भेजे थे। मुकेश की याचिका में कोई मेरिट नहीं है। जेल में प्रताड़ना दया के लिए कोई आधार नहीं है। इसके बाद मुकेश की याचिका को खारिज कर दिया गया।