P Chidambaram

ईडी द्वारा फाइल किए गए आईएनएक्स मीडिया मनी लॉन्ड्रिंग केस में पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम को झटका लगा है। बता दें, दिल्ली हाई कोर्ट ने उनकी जमानत अर्जी खारिज कर दी है। हाई कोर्ट ने कहा कि चिदबंरम के खिलाफ लगे आरोप प्रथम दृष्टया गंभीर प्रकृति के हैं, अपराध में उनकी सक्रिय एवं प्रमुख भूमिका भी रही है।

आईएनएक्स मीडिया मामले में पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम को बड़ा झटका लगा है। चिदंबरम की स्वास्थ्य कारणों से मांगी गई जमानत अर्जी को शुक्रवार को हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया है।

पूर्व वित्त मंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम की अंतरिम जमानत पर आज दिल्ली हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। इस दौरान पी चिंदबरम ने अपने खराब स्वास्थ्य का हवाला देते हुए जमानत की मांग की। उनके वकील ने कैंसर तक की संभावना जता दी। मगर बाद में चिदंबरम ने अपनी अर्ज़ी वापिस ले ली।

आईएनएक्स मीडिया केस में दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने कांग्रेस नेता पी चिदंबरम की ईडी कस्टडी बढ़ाने से इनकार कर दिया है। राउज एवेन्यू कोर्ट ने चिदंबरम को तिहाड़ जेल भेजने का आदेश दिया. चिदंबरम को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया है।

पी चिदंबरम को सीबीआई के केस में जमानत मिली है, यह जमानत एक लाख रुपये के मुचकले पर मिली है। फिलहाल जमानत मिलने के बाद भी चिदंबरम को ईडी द्वारा दर्ज किए गए मामले में 24 अक्टूबर तक हिरासत के तहत जेल में ही रहना होगा।

वित्त मंत्री के अपने कार्यकाल के दौरान आईएनएक्स मीडिया को विदेशी निवेश संवर्धन बोर्ड (एफआईपीबी) से मंजूरी देने में कथित अनियमितता में संलिप्तता को लेकर चिदंबरम को 21 अगस्त को गिरफ्तार कर लिया गया था, तबसे वे न्यायिक हिरासत में हैं।

चिदंबरम और उनके बेटे के ऊपर एयरसेल मैक्सिस प्रकरण में भी मामला चल रहा है। इस मामले में वे अग्रिम जमानत पर हैं। ईडी ने 10 अक्टूबर को इस ज़मानत को रद्द करने के लिए दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

हालांकि डॉक्टरों की पड़ताल के बाद उन्हें वापिस तिहाड़ भेज दिया गया। पी चिदंबरम का वजन काफी घट गया है। हालांकि वे अपनी टि्वटर अकाउंट के जरिए मोदी सरकार पर लगातार हमला कर रहे हैं।

जेल में कुर्सी, तकिया छिनने के बाद अब चिदंबरम ने की ये डिमांड

तिहाड़ जेल में कैद पूर्व वित्तमंत्री पी चिदंबरम ने कोर्ट के सामने अपनी तकलीफ बयां की है। उन्होंने वकील के जरिए बताया है कि उन्हें जेल में बुरी स्थितियों से दो चार होना पड़ रहा है। उनकी स्वास्थ्य को लेकर तकलीफ बढ़ गई हैं और उन्हें घर का खाना भी नसीब नहीं हो रहा है।