Piyush Goyal

केंद्रीय वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को 'प्रधानमंत्री योगदान श्रम योगी मानधन' योजना की घोषणा की, जिसके तहत असंगठिक क्षेत्र के मजदूरों को 3,000 रुपये प्रतिमाह की निश्चित पेंशन दी जाएगी।

वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने वित्त वर्ष 2019-10 के लिए अंतरिम बजट प्रस्तुत करते हुए कहा, "सरकार ने एमएसएमई क्षेत्र को समर्थन देने के लिए कई कदम उठाएं हैं देश में करोड़ों लोगों को नौकरियां प्रदान की हैं। हमने हाल में 1 करोड़ रुपये का कर्ज महज 59 मिनट में हासिल करने की सुविधा का ऐलान किया है।"

वित्त वर्ष 2019-20 के लिए रक्षा बजट 3 लाख करोड़ रुपये से अधिक रखा गया है, जो अब तक किसी भी साल की तुलना में सबसे अधिक है। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने लोकसभा में शुक्रवार को यह जानकारी दी।

वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को कहा कि नरेंद्र मोदी सरकार ने अतीत के नीतिगत पक्षाघात की स्थिति से देश को बाहर निकाला है और देश की छवि को दोबारा बहाल किया है और भारत को दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था में तब्दील कर दिया है।

लोकसभा में अंतरिम बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि महंगाई पर काबू पाने से आम आदमी को बड़ी राहत मिली है। उन्होंने कहा, 'सरकार ने कमरतोड़ महंगाई की कमर ही तोड़ दी है'।

मोदी सरकार आज संसद में बजट पेश करने वाली है। नरेंद्र मोदी की अगुवाई वाली मौजूदा सरकार अपने कार्यकाल का आखिरी और अंतरिम बजट पेश करेगी। इस बजट को लेकर लोगों को कई उम्मीदें और पूरा देश इस पर नजरें लगाए हुए हैं।

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने आज मोदी सरकार के मौजूदा कार्यकाल का आखिरी और अंतरिम बजट पेश किया। मोदी सरकार ने जनता को बड़ा तोहफा देते हुए आयकर छूट की सीमा को बढ़ाकर 5 लाख कर दिया है। अब पांच लाख तक की आय पर कोई टैक्स नहीं लगेगा। अंतरिम बजट का सबसे बड़ा ऐलान किया है।

लोकसभा चुनाव से पहले कल संसद में नरेंद्र मोदी सरकार की तरफ से अंतरिम बजट पेश किया जाएगा। इसके पहले सरकार की तरफ से 5 बार आम या पूर्ण बजट पेश किए गए।

संसद के केंद्रीय कक्ष में आज दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के अभिभाषण के साथ ही बजट सत्र की शुरुआत हुई। राष्ट्रपति कोविंद ने अभिभाषण में मोदी सरकार के कार्यकाल का अब तक का रिपोर्ट कार्ड पेश करते हुए केंद्र की प्रमुख उपल्बधियों को गिनाया। 

कुल बजट में 15 फीसदी यानी करीब आठ हजार करोड़ रुपये प्राथमिक, सामुदायिक स्वास्थ्य सेवाओं समेत अन्य योजनाओं को बढ़ावा देने के लिए खर्च किए जाएंगे।